मजदूरी में किया कार्य मेहनताना माँगता है नित जीवन ही हमें यहाँ सियासत सिखाता है और लहू के रिश्ते हमें...
Literature
मन के सैलाब ऐ मेरे मन के सैलाब! तू निकल न जाना, हर समय कहीं गीत बन न जाना, ऐ...
डर और उम्मीद डर उसके चले जाने का उम्मीद उसके ठहर जाने की डर उसे खो देने का उम्मीद उसे...
उत्तराखण्ड कु रैबार यो उजुड़दु जोशीमठ, अर वो डुब्यूँ टिहरी बजार। क्वी न देख्यां यनु विकास, जो धरती हिलौ पोड़ी...
इन दिनों किताबों को छपवाने की बजाय इंटरनेट के माध्यम से रचनाओं को पाठकों के बीच पहुंचने का तरीका लेखकों...
देहरादून में प्रगतिशील क्लब की ओर से रविवार को मानसिंहवाला में आयोजित काव्य गोष्ठी में कवियों ने जहां प्यार मुहब्बत...
कभी वक्त हो, तो फुरसत से आना वक्त के पहिए पर उलझन को समाना। प्रेम के सागर मे शब्दो को...
वक्त का दरिया वक्त का दरिया बहता रहता, बहते दौर का हर इक लम्हा। केवल यादें बन कर, ठहरा सा,...
अक्सर तोपवालजी के पास किस्से और कहानियों की कोई कमी नहीं रहती है। काफी समय के बाद मेरी उनसे मुलाकात...
नकल पर विश्वास है अकल पर नहीं हैप्पी न्यू इयर पर विश्वास है नये वर्ष पर नहीं उमंग उत्साह हमे...
