चाणक्यवाद के लक्षण सब लगे राजनीति की धींगा- कुश्ती में, सब लगे राजनीति की नूरा- कुश्ती में। सब लगे राजनीति...
साहित्य जगत
सरस्वती अर्ज-गर्ज सरस्वती भगबती, हमूं तैं दे तु भलि मति। मति दे, शुद्धि दे, बुद्धि दे, बल दे माँ।। उपकार...
बचपन में एक पिक्चर देखी थी चौकीदार। पिक्चर की कहानी तो याद नहीं रही, लेकिन एक गाना जरूर याद है...
रोज़ा उठा-पोड़ रोज़-रोज़ा उठा-पोड़ मा,दिन इनी ठिलेंणा छन. एक- हैंका दगड़ि, बोलि- चालिक बितेंणा छन.. एक समै छौ, रात-दिन काम-काजे...
कद्र उसी की है जग में, जिसके मुंह पर खुशबू हो ! देवभूमि का रहने वाला हूं ! कभी पक्षपात...
फागुनी बयार आ गई है ऋतु सुहानी, वसंती बयार लेकर। फागुनी कोमल पवन वह, हाथ फेरे सिर पे सर सर।...
हिकमत जंजोऴौ बात न कैर, योत रात- दिन रैंदा छन. फिरोड़ा- फिरोड़ लगीं रैंद, इना दिन चैंदा छन.. जतगा छीं...
हिन्दी राष्ट्रवाद के हर पन्ने पर, हिन्दी का साम्राज्य हो । भटक रही पहचान हमारी, उठो उसका सम्मान हो ।।...
क्यों राष्ट्र के भक्षक-रक्षक से पराक्रम का प्रमाण माँगते हैं, संविधान प्रदत्त अभिव्यक्ति की सारी सीमायें लाँघते हैं।। जला रहे...
'वनस्पतियां एवं मानव स्वास्थ्य उपयोग व संरक्षण विषय' पर विस्तारपूर्व लिखित पुस्तक का एक समारोह में महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत...
