फागुण बीतीगे चैत लगीगे, बीटा पाख्यूं मा फ्यूँलि खिलीगे। ऊँची डाण्ड्यों मा बुराँश खिलीगे, फूलों कू ऐगि त्योहार, दगड़्यों चैत...
साहित्य जगत
भाज कोरोना भाज.... भाज कोरोना भाज कोरोना भाज कोरोना भाज तेरी ऐसि तसि कोरोना भाज कोरोना भाज तेरो बीमारि कोरोना...
रोज़ देहरी पर पहुंच कर फूल रखती हैं ये पहाड़ों पर नया मधुमास रचती है। सुबह से छोटी हथेली काम...
करिया... करियो ... अच्हांरे... जनता नेता भरोसो झन करिया करियो आपन जुगाड़ जनता... नेता भरोसो झन करिया ।।टेक।। उजले वस्त्र...
फल फूल रहा... बल फूल रहा भ्रष्टाचार... अब फूल रहा भ्रष्टाचार.... फल फूल रहा भ्रष्टाचार... देश की हालत पतली।।टेक।। सोने...
स्वाचा दुन्यां का रंगा- दंगौं म, रंगमत न ह्वावा. अपड़ा ऐथर - पैथर भि, द्यखद रावा.. तुमी छा- जौंन यो...
अच्हारे शराबि पी शराब फोड़फाड़ि ना कर।।टेक।। झगड़ों भौत खराब... शराबि पी शराब... बकबक करलै बात बढ़ि जालि।।२।। बतड़गैं ठाड़...
शिव की सच्ची पूजा करी। शिवजी शिवजी शिवजी शिवजी, ॐ नमः शिवाय। सत्यं शिवम् सुंदरम, मन मा बसाया। पर सुण्याल...
देवाधिदेव महान हैं जिनकी पूजा सबसे आसान है, वो देवाधिदेव महादेव महान हैं। जितने सरल व उदार शिव हैं, उतना...
मेरे मेहमानों को देखो ! आएं हैं मेहमान आजकल मेरे घर पर, कुछ दानें चूंगते, क्रीड़ा करते प्रतिपल। बैठा रहता...
