देहरादून में साहित्यकारों और समाजसेवियों को किया सम्मानित, काव्य गोष्ठी में बही काव्य रसधारा
देहरादून में नव विहान ट्रस्ट की ओर से आयोजित ईरांष सम्मान समारोह एवं कवि गोष्ठी में साहित्य, समाजसेवा एवं विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यक्तित्वों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में काव्य गोष्ठी का भी आयोजन किया गया। इसमें श्रोताओं ने खूब लुत्फ उठाया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं उत्तराखंड सरकार के भाषा मंत्री खजान दास तथा विशिष्ट अतिथि राज्य मंत्री मधु भट्ट उपस्थित रहे। दोनों अतिथियों ने सम्मानित व्यक्तियों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि समाज और राष्ट्र के विकास में साहित्यकारों, शिक्षाविदों एवं समाजसेवियों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। ऐसे आयोजनों से प्रतिभाओं को प्रोत्साहन मिलता है तथा समाज में सकारात्मक संदेश प्रसारित होता है। अन्य अतिथियों में टिहरी राजपरिवार के वंशज ठाकुर भवानी सिंह उपस्थित थे। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
नव-विहान के सदस्य राजकुमार पुरोहित, अंजू वर्मा, रश्मि जौहरी और हितेश सिंह ने कार्यक्रम का कार्यभार संभाला। कार्यक्रम में गुरु संध्या जोशी के छात्राओं ने मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। नव विहान ट्रस्ट की अध्यक्षा डॉ ज्योति श्रीवास्तव ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि ट्रस्ट का उद्देश्य समाज में सेवा, संवेदना और सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा देना है तथा भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जाते रहेंगे। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
समारोह में राज्य आंदोलनकारी, समाजसेवी और भारतीय रैड क्रास सोसायटी उत्तराखंड के कोषाध्यक्ष मोहन खत्री को चिकित्सा क्षेत्र में अनुकरणीय योगदान के लिए ईरांष सम्मान समारोह में परमार्थ शिखर सम्मान से सुशोभित किया गया। मोहन खत्री 140 रक्तदान शिविर लगा चुके हैं। जगदीश बबला को राज्य में हरियाली उत्पन्न करने के लिए लाखों पेड़ लगाने के लिए, अंजलि वर्मा, प्रियंका जोशी, अंकिता, सूबेदार दयानंद, उर्मि पाल सिंह, जोगिंदर कुमार, पूनम नैथानी, नवीन ठाकुर एवं गुरु संध्या जोशी को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
इसके उपरांत आयोजित कवि गोष्ठी में कमला पंत, श्रीकांत शर्मा, महिमा श्री, अम्बर खरबंदा, दिव्यांश दुष्यंत, कविता बिष्ट, शोभा पराशर एवं नीता कुकरेती ने अपनी रचनाओं का पाठ कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कविताओं में माँ, राष्ट्रप्रेम, सामाजिक सरोकार, नारी शक्ति, मानवीय संवेदनाएँ और समकालीन विषय प्रमुख रहे। श्रीकांत जी द्वारा प्रस्तुत पन्ना धाय कविता ने सभी को भाव विभोर कर दिया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कार्यक्रम में उपस्थित साहित्य प्रेमियों ने कवियों की प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए ऐसे आयोजनों को समाज के लिए प्रेरणादायी बताया। कार्यक्रम में भारती, अंजू ने सुंदर संचालन किया। अंत में ट्रस्ट की ओर से तनुजा ने सभी अतिथियों, सम्मानित व्यक्तियों, कवियों एवं उपस्थित जनसमूह का आभार व्यक्त किया गया। राष्ट्र गान के साथ कार्यक्रम संपन्न हुआ।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो। यदि आप अपनी पसंद की खबर शेयर करोगे तो ज्यादा लोगों तक पहुंचेगी। बस इतना ख्याल रखिए।

Bhanu Bangwal
लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।


