Loksaakshya Social

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

July 13, 2026

सोनिया गांधी ने दी लाइन, कुछ कहना है तो सीधे कहो, फिर भी मीडिया के माध्यम से मांग लिए दो वरदान

कांग्रेस की कार्यसमिति की पिछली बैठक में अध्यक्ष सोनिया गांधी ने जी 23 से जुड़े लोगों को भी आड़े हाथ लिया था। साथ ही कहा था कि यदि किसी को कुछ कहना है तो सीधे संगठन में कहो, बात को मीडिया में न ले जाओ।

कांग्रेस की कार्यसमिति की पिछली बैठक में अध्यक्ष सोनिया गांधी ने जी 23 से जुड़े लोगों को भी आड़े हाथ लिया था। साथ ही कहा था कि यदि किसी को कुछ कहना है तो सीधे संगठन में कहो, बात को मीडिया में न ले जाओ। इसके बावजूद कांग्रेस में नीचले स्तर से लेकर ऊपरी स्तर के नेता अपनी बात को संगठन में पहुंचाने के लिए मीडिया का सहारा ले रहे हैं। अब उत्तराखंड कांग्रेस उपाध्यक्ष ने भी दो वरदान मांगे और उसके लिए मीडिया का सहारा लिया।
अब सवाल उठता है कि क्या कांग्रेस में भी भाजपा की तरह किसी की बात नहीं सुनी जाती। जो नेताओं को अपनी बात कहने के लिए संगठन में कहने की बजाय मीडिया का सहारा लेना पड़ता है। यूं तो कांग्रेस में अपने किसी नेता की टांग खिंचाई का रिवाज पहले से ही है। यदि हरीश रावत सोशल मीडिया में कोई पोस्ट डालते हैं तो पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय सहित कई नेता उनका काट में लग जाते हैं। ऐसे में आपसी टांग खिंचाई से ही कांग्रेस को फुर्सत नहीं रहती है। जब उत्तराखंड के पूर्व सीएम हरीश रावत पंजाब कांग्रेस प्रभारी थे और वह इस पद से मुक्ति चाह रहे थे तो उन्होंने भी मीडिया का ही सहारा लिया। सोशल मीडिया के जरिये वह आलाकमान तक अपनी बात कहने का प्रयास करते नजर आए।
अब उत्तराखंड कांग्रेस के उपाध्यक्ष धीरेंद्र प्रताप भी उसी राहत चले। उन्होंने भी मीडिया में प्रेस नोट जारी करते हुए पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय के साथ ही हाल ही में कांग्रेस में शामिल हुए पूर्व अध्यक्ष यशपाल आर्य के लिए आला नेताओं से दो वर मांगे। ये वर हैं पार्टी द्वारा हाल ही में घोषित स्क्रीनिंग कमेटी में दोनों को शामिल किया जाए।
एक प्रेस वक्तव्य में धीरेंद्र प्रताप ने कहा है कि किशोर उपाध्याय ने उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। खेद का विषय है उनका नाम स्क्रीनिंग कमेटी में नहीं रखा गया। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती सोनिया गांधी से मांग की है की उन‌ लोगों का विशेष ध्यान रखें। साथ ही पार्टी में दोबारा शामिल हुए शक्तिशाली नेता यशपाल आर्य को भी पार्टी की स्क्रीनिंग कमेटी में स्थान दें।
धीरेंद्र प्रताप ने प्रधानमंत्री द्वारा कृषि कानूनों को वापस ले जाने को भाजपा नेतृत्व के मुंह पर तमाचा बताया। कहा है कि यह प्रधानमंत्री के अहंकार की हार हुई है। उन्होंने इस जीत के लिए करोड़ों किसानों और कांग्रेस नेता राहुल गांधी के जुझारु संघर्ष को जिम्मेदार बताया। उन्होंने कहा कांग्रेस सड़कों पर है और 2022 में होने वाले विधानसभा चुनाव में उत्तराखंड में पूर्व सीएम हरीश रावत, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय और यशपाल आर्य के नेतृत्व में ऐतिहासिक जीत हासिल करेगी।