महानवमी आज, दुर्गा पूजा पंडालों में श्रद्धालु, घरों में कन्या पूजन, मां को खुश करने के लिए करें ये काम, भजन संध्या में झूमे लोग
महानवमी पर्व आज है। इस दिन मां दुर्गा के नौवीं स्वरूप सिद्धिदात्री माता की पूजा की जाती है। ऐसे में सुबह से ही दुर्गा पंडालों में श्रद्धालु भी उमड़ने लगे हैं। इसके साथ ही इस दिन हवन और कन्या पूजन भी किया जाता है। माता सिद्धिदात्री की पूजा से भक्तों के सारे कार्य सिद्ध हो जाते हैं। मान्यता यह भी है कि इस दिन विशेष पूजा से सभी प्रकार की सिद्धयां प्राप्त होती है। पंचांग के अनुसार, नवमी तिथि 4 अक्टूबर, मंगलवार को यानी आज है। कल दशहरा पर्व है। इसकी तैयारी भी शुरू हो गई है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)नवरात्रि 2022 महानवमी तिथि, शुभ मुहूर्त
पंचांग के अनुसार, मंगलवार, 3 अक्टूबर को शाम 4 बजकर 37 मिनट से नवमी तिथि की शुरुआत हो रही है। वहीं नवमी तिथि का समापन 4 अक्टूबर 2022 को दोपहर 2 बजकर 20 मिनट पर होगा। उदया तिथि के मुताबिक नवमी का व्रत और कन्या पूजन 4 अक्टूबर को ही किया जाएगा। नवरात्रि के 9वें दिन यानी नवमी तिथि को नवरात्रि का समापन होता है। इस दिन हवन और कन्या पूजन का विधान है। ऐसे में 4 अक्टूबर को हवन के लिए शुभ मुहूर्त सुबह 6 बजकर 21 मिनट से दोपहर 2 बजकर 20 मिनट तक है। इसके अलावा नवरात्रि व्रत-पारण के लिए शुभ समय दोपहर 2 बजकर 20 मिनट के बाद है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
महानवमी पर करें ये काम
– आश्विन शुक्लपक्ष की नवमी तिथि को नवरात्रि पर्व का समापन होता है। ऐसे में इस दिन मां दुर्गा के नौवें स्वरूप माता सिद्धिदात्री की पूजा करें।
– महानवमी के दिन कन्या पूजन का खास महत्व है। इस दिन कन्या पूजन के लिए 2 से 10 वर्ष की आयु की कन्याओं को आमंत्रित करें। उन्हें श्रद्धापूर्वक भोजन कराएं. साथ ही उनका आशीर्वाद प्राप्त करें। इस दिन कन्या पूजन के अलावा बटुक भैरव के रूप में बालक को भी निमंत्रित किया जाता है।
– नवरात्रि की नवमी तिथि को हवन करने का भी विधान है। ऐसे में इस दिन मां दुर्गा के मंत्रों से हवन करें। मान्यतानुसार नवमी तिथि पर हवन करने से 9 दिन के व्रत का फल शुभ फल प्राप्त होता है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
सीएम धामी ने किया कन्या पूजन
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को शारदीय नवरात्र की नवमी के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री आवास में विधि विधान से कन्या पूजन किया। उन्होंने नौ दुर्गा की प्रतीक नौ कन्याओं को भोजन कराया। मुख्यमंत्री ने निर्मल बुद्धि एवं अष्ट सिद्धियों की प्रदाता माँ सिद्धिदात्री से प्रदेश एवं प्रदेशवासियों की सुख समृद्धि की कामना भी की। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
शरदोत्सव में देर रात तक भजन संध्या का श्रद्धालुओं ने लिया आनंद
दूनघाटी मां दुर्गा सेवा समिति (रजि) देहरादून के तत्वावधान में कालिन्दी एन्क्लेव कांवली स्थित पार्क में 12वें शरदोत्सव में महाअष्टमी की शाम को श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। इस दौरान प्रख्यात भजन गायक पवन गोदियाल एवं उनके साथियों ने मां दुर्गा के भजनों एवं स्वरूपों भव्य प्रस्तुति देकर दर्शकों का मनमोह लिया। इस दौरान दुर्गा जी के अलग स्वरूपों की झाकियां सजाई गई। इससे पूर्व सुबह 8:30 बजे महाअष्टमी पूजा पंडित शिव शंकर एवं अनुपम ने मन्त्रोच्चारण के साथ संपन्न कराई। पुष्पांजलि एवं प्रसाद वितरण 11 बजे, भोग एक बजे, संघी पूजन एवं बलिदान एक बजे, 501 दियों की महाआरती शाम 7 बजे की गई। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
आज और कल के कार्यक्रम
आज चार अक्टूबर को महानवमी पूजा सुबह 8:30 बजे, पुष्पांजलि एवं प्रसाद वितरण 10:30 बजे, हवन पूर्णाहुति 12 बजे, भोग भंडारा दोपहर एक बजे से, संघ्या आरती 7 बजे, बच्चों का सांस्कृतिक कार्यक्रम रात 8 बजे, पुरस्कार वितरण रात नौ बजे होगा। पांच अक्टूबर को विसर्जन व दैवी नौकायें गमन होगा। इसके तहत दशमी पूजा 8 बजे प्रात:, सिन्दूर खेला सुबह 9:15 बजे, विसर्जन के लिए हरिद्वार प्रस्थान सुबह 10बजे, शान्ति जल एवं विजय सम्मेलन रात आठ बजे शाम को होगा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
ये रहे उपस्थित
शरदोत्सव के मौके पर दूनघाटी मां दुर्गा सेवा समिति के संरक्षक धर्म सोनकर, अध्यक्ष रामपद जाना, उपाध्यक्ष नीरज अग्रवाल, सचिव अनन्त आकाश, कोषाध्यक्ष निमई, संगठन सचिव नन्द किशोर, प्रचार सचिव हरीश चन्द झा, मनीष गुप्ता, आर के सिन्हा, एम एन पराशर, डीडी डालाकोटी, पीके अग्रवाल, एसएन सिंह , भोलेनाथ राय, प्रभाकर गुप्ता, संजीव जैन, केके कुमार, अमित शाहा, अध्यक्ष सोसायटी जेके सिंह, वाई के त्यागी, सुभाष डंडरियाल, डाक्टर श्रुति शर्मा, प्रदीप सिंह, एचएस आहुजा, शोभा सोनकर, माधवी जाना, रोमा, रीमा, ममता झा, अन्नु राणा, कंचन, मनीषा पटेल, नीलम अग्रवाल, दीपा गुप्ता, पुष्पा प्रजापति, डिंपल जैन, रितु मलिक राजीव बजाज, प्रदीप गोयल, एके सिंह, अर्जुन सिंह त्यागी, गौतम सोनकर आदि अनेक प्रमुख लोग शामिल थे।



