एसआरएचयू और एमएसयू मलेशिया के बीच एमओयू, मधुमेह पर होगा संयुक्त अध्ययन
देहरादून के डोईवाला क्षेत्र में स्थित स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू) ने अंतरराष्ट्रीय सहयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बढ़ाते हुए मलेशिया की प्रतिष्ठित मैनेजमेंट एंड साइंस यूनिवर्सिटी (एमएसयू) के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं। यह समझौता एसआरएचयू के स्कूल ऑफ फार्मास्यूटिकल साइंसेज द्वारा किया गया, जिसके तहत दोनों संस्थान संयुक्त शोध परियोजनाएं, फैकल्टी और छात्र आदान-प्रदान कार्यक्रम संचालित करेंगे। इससे विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर पर सीखने और सांस्कृतिक अनुभव प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
एसआरएचयू के अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माना के दिशा निर्देशन में रजिस्ट्रार कमांडर वैकटेश्वर चल्ला (सेनि) और एमएसयू मलेशिया के डॉ. मोहम्मद फदली असमानी ने औपचारिक रूप से एमओयू पर हस्ताक्षर किए। लइस दौरान कुलपति डॉ. राजेन्द्र डोभाल ने कहा कि वर्तमान समय में शिक्षा और शोध को वैश्विक दृष्टिकोण से जोड़ना बेहद आवश्यक हो गया है। कहा कि इस प्रकार के अंतरराष्ट्रीय सहयोग से ज्ञान के आदान-प्रदान को बढ़ावा मिलेगा और स्वास्थ्य एवं फार्मास्यूटिकल क्षेत्र में नवाचार को गति मिलेगी। यह साझेदारी छात्रों और शोधकर्ताओं के लिए नए अवसरों के द्वार खोलेगी। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
महानिदेशक (शैक्षणिक विकास) डॉ. विजेन्द्र चौहान ने विश्वविद्यालय की उपलब्धियों, शोध कार्यों और भविष्य की योजनाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। वहीं एमएसयू के दातो नशारुद्दीन शुकोर ने अपने संस्थान की वैश्विक पहचान और शोध गतिविधियों की जानकारी साझा की। डीन स्कूल ऑफ फार्मास्यूटिकल साइंसेज डॉ. प्रीति कोठियाल ने बताया कि दोनों संस्थानों के बीच एक आशय पत्र पर भी हस्ताक्षर किए गए हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
इसके तहत उत्तराखंड और मलेशिया में मधुमेह की व्यापकता, लोगों की धारणा और जीवन की गुणवत्ता पर इसके प्रभाव का संयुक्त अध्ययन किया जाएगा। यह शोध सार्वजनिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करेगा। कार्यक्रम में प्रति कुलपति डॉ. ए.के. देवरारी, एमएसयू मलेशिया के दातो नशारुद्दीन शुकोर, डॉ. मोहम्मद फदली असमानी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी, विभिन्न संकायों के डीन और अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।
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Bhanu Bangwal
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भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।


