राहुल गांधी के कार्यक्रमों से भाजपा में बौखलाहट, पूर्व सैनिकों से संवाद कार्यक्रम से बेचैन: सूर्यकांत धस्माना
देश के नेता व लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के आगामी चार व पांच जून के दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे से भाजपा में बौखलाहट है। आलम यह है कि भाजपा उनके उत्तराखंड आगमन पर ही सवाल उठा रही है और पूर्व सैनिकों से राहुल गांधी के संवाद कार्यक्रम के बारे में अनर्गल प्रलाप कर रही है। यह बात एआईसीसी सदस्य व उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने अपने कैंप कार्यालय में पत्रकारों से बातचीत में कही। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
धस्माना ने कहा कि भाजपा के एक नेता कह रहे हैं कि राहुल गांधी को पूर्व सैनिकों व सैनिकों की याद चुनाव की वजह से आ रही है। इन नेता जी को शायद यह नहीं पता कि पुलवामा हमले के बाद देहरादून आगमन पर राहुल गांधी शहीद मेजर चित्रेश बिष्ट और शहीद मेजर विभूति ढौंढियाल के परिजनों से मुलाकात करने उनके निवास पहुंचे। भाजपा राज में जो आतंकवादी हमले, चाहे वो पठानकोट, चाहे उड़ी, चाहे पुलवामा या पहलगाम हमले हों, राहुल गांधी ने हमेशा सरकार की विफलता पर सवाल उठाया ना कि सेना पर दोष मढ़ा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कांग्रेस नेता धस्माना ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान एक जिम्मेदार विपक्ष के नेता के रूप में राहुल गांधी ने तत्काल सरकार को पूर्ण समर्थन दिया। परेशानी यह है कि भाजपा अपने को देश और सेना समझती है। जब राहुल गांधी देश की भाजपा सरकार की विफलता की बात करते हैं तो भाजपा अनर्गल प्रलाप कर इसे देश और सेना के साथ जोड़ देती है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
सूर्यकांत धस्माना ने कहा कि राहुल गांधी ने केंद्र सरकार की अग्निपथ योजना को देश की सुरक्षा के लिए एक बहुत बड़ी गलती करार दिया। उनका यह संकल्प है कि केंद्र में कांग्रेस की सरकार बनते ही अग्निपथ योजना समाप्त कर पुरानी भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी। राहुल गांधी की इस घोषणा से पूरे देश और विशेष रूप से उत्तराखंड के युवाओं में राहुल गांधी के प्रति आकर्षण बड़ा है। यह भाजपा के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है।
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