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July 24, 2026

न्याय धर्म सभा (एनडीएस) पार्टी ने आगामी विधानसभा चुनाव के लिए जारी किया घोषणा पत्र

देहरादून में उत्तरांचल प्रेस क्लब में आयोजित एक समारोह में न्याय धर्म सभा राजनैतिक पार्टी ने उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव 2022 के लिए घोषणापत्र जारी कर दिया।

देहरादून में उत्तरांचल प्रेस क्लब में आयोजित एक समारोह में न्याय धर्म सभा (NDS) राजनैतिक पार्टी ने उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव 2022 के लिए घोषणापत्र जारी कर दिया। 111 न्याय प्रस्तावों के प्रतिपादक व संस्थापक परम अरविंद अंकुर ने न्यायशील चुनावी घोषणापत्र का विमोचन किया। इस मौके पर अंकुर ने कहा कि न्याय धर्म सभा का मुख्य उद्देश्य जनता को आर्थिक न्याय, सांस्कारिक न्याय, व्यावहारिक न्याय, आध्यात्मिक न्याय एवं राजनैतिक न्याय प्रदान करना है। सत्ता में आते ही न्याय धर्म सभा की ओर से सर्वप्रथम न्याय प्रस्ताव नंबर 53 महालोकतंत्र लागू करने का प्रयास किया जाएगा। इसके लागू होते ही जनता को शासन संबंधी मामलों में 12 मताधिकार एवं प्रशासन सम्बन्धी मामलो में 12 निषेधाधिकार प्राप्त हो जाएंगे।
उन्होंने कहा कि न्याय धर्म सभा के न्याय प्रस्ताव क्रमांक 15 के अंतर्गत जनता को शिक्षा, रोजगार, आवास,चिकित्सा आदि संरक्षण प्राप्ति के चारों जनाधिकार प्राप्त हो जाएंगे । बच्चों को निःशुल्क शिक्षा, प्रतिपरिवार जीविका (रोजगार), प्रत्येक ग्रामपंचायत को बिजली, पानी, सड़क, इंटरनेट आदि की सुविधाएं तथा प्रत्येक संवर्ग संरक्षण प्रदान करना ही इस पार्टी का मुख्य उद्धेश्य है।
घोषणापत्र के मुख्य बिंदु
(1) जनता की ओर से नेता, मंत्री, जज को मतदान से नियुक्त व बर्खास्त करने की महा लोकतांत्रिक व्यवस्था।
(2) जनता की ओर से नियम, नीति, निर्णय को मतदान के माध्यम से पारित व खारिज करने की महा लोकतांत्रिक व्यवस्था।
(3) जनहित के विरुद्ध होने पर किसी भी राज्यकर्मी के निलंबन के लिए जनता को वीटो पावर।
(4) बच्चों को 25 वर्ष की आयुतक निःशुल्क सम्पूर्ण शिक्षण प्रशिक्षण ।
(5) किसानों को निःशुल्क 5 एकड़ तक कृषिभूमि एवं जुताई, सिचाई की निःशुल्क सेवा ।
(6) प्रतिपरिवार एक रोजगार की एक अनिवार्य नीति द्वारा आर्थिक न्याय की प्रतिष्ठा ।
(7) प्रत्येक घर को एक सर्वउपयोगी सीमा तक बिजली,पानी,इंटरनेट,आदि निःशुल्क ।
(8) ऑनलाइन चुनाव पद्धति को लागू करके हजारों करोड़ों रुपये की बचत।
(9) डिजिटल करेंसी सिस्टम लागू होने पर भृष्टाचार, आतंकवाद, नकली मुद्रा, टैक्स चोरी आदि की समाप्ति।
(10) ऑनलाइन डिजिटल पद्धति से जनगणना की सरलता, शुद्धता व पारदर्शिता ।
(11) सरकारी कर्मचारियों को सभी पदों पर राजकोष से औसत, मध्यम स्तरीय सीमा के भीतर समान वेतन।
(12) त्रिकोणीयता से श्रमिकवर्ग के स्वामित्व की प्रतिष्ठा एवं नौकरी, गुलामी, दासता से मुक्ति।
ये रहे उपस्थित
इस अवसर पर मुख्यरूप से नरेंद्र रावत जी (प्रदेश प्रभारी उत्तराखंड), सुशील राणा (मीडिया प्रभारी उत्तराखंड), प्रीति डिमरी ( स्टेट एडमिन उत्तराखंड), संदेश शर्मा ( राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष), संजय श्रीवास्तव, (राष्ट्रीय सचिव), चंद्रसेन शर्मा, (राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी), शीला राय (राष्ट्रीय उपाध्यक्ष), सतीश तिवारी, लाल बहादुर यादव, रूपेश कुमार, विजय भट्ट, संतोष, संजय श्रीवास्तव, माधुरी गुप्ता, बिहारीलाल स्वामी, कविता भट्ट, ईश्वरदत्त भट्ट, सतीश भट्ट, सुषमा भट्ट, रविंद्र कुमार, विनय, श्यामबीर, रणधीर, सत्यम गुप्ता आदि उपस्थित रहे ।