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October 17, 2026

आंदोलनकारी सम्मान परिषद में दायित्वधारियों की भीड़ बढ़ाने की धीरेंद्र प्रताप ने की आलोचना

उत्तराखंड कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष और चिह्नित राज्य आंदोलनकारी संयुक्त समिति के केंद्रीय मुख्य संरक्षक धीरेंद्र प्रताप ने उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी सम्मान परिषद में दायित्वधारियों की फौज बढ़ाने की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीने में जो दायित्वधारी इसमें बनाए गए थे, वे कुछ भी कार्य करने में सफल नहीं हुए हैं। अब उसके बाद एक नए अध्यक्ष की नियुक्ति महज आंदोलनकारियों को बहलाने के लिए की गई है। इससे ज्यादा कुछ नहीं है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

धीरेंद्र प्रताप ने कहा एक और चुनाव सामने हैं और चुनाव आचार संहिता के जल्द ही लागू होने के आसार हैं। ऐसी स्थिति में आंदोलनकारियों का चिह्नीकरण, आंदोलनकारियों को 10 पीसदी आरक्षण की सुविधा मिल जाना आंदोलनकारियों के आश्रितों के लिए कोई लाभकारी कदम उठाया जाना, एक झूठ से ज्यादा कुछ दिखाई नहीं देता। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

उन्होंने कहा कि बेहतर होता कि जो पहले से दायित्व धारी थे, वह कुछ करके दिखाते। उनकी अक्षमता के कारण कोई भी काम किनारे नहीं लग सका। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा चिह्नीकरण के लिए मात्र दो महीने की समय सीमा बढ़ाई जाने को भी ढकोसला बताया। जो लोग सरकारी नौकरियों में स्थान पा गए हैं, उनको नौकरियां ज्वाइन करने में सरकार द्वारा की जा रही देरी की भी कड़ी आलोचना की। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

उन्होंने कहा सरकार ने आंदोलनकारियों को भिखारी बना दिया है, जिसकी जितनी भी निंदा की जाए कम है। उन्होंने सम्मान परिषद के नए अध्यक्ष बनाए गए हुकुम सिंह कुवर को अपनी शुभकामनाएं दी, परंतु कहा उनके सामने भी कठिन टास्क है। उन्हें रन भी बनाने हैं और ओवर भी कम हैं। ऐसे मे वे कुछ कर पाएंगे उन्हें विश्वास नही होता।
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Bhanu Bangwal

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मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।