कहावत है कि जैसे कर्म करोगे वैसा ही फल पाओगे। यह फल हमें कहां से मिलता है। क्या इस फल...
साहित्य जगत
वर्ष 1989 में सरकारी नौकरी से सेवानिवृत्ति के बाद पिताजी ने देहरादून के आर्यनगर में एक छोटा का मकान खरीदा।...
मैं पिछले कई दिनों से देख रहा था कि मांगेराम उदास चल रहे हैं। पहले की तरह वह किसी से...
व्यक्ति को उत्तम जीवन जीने के लिए आदर्शवादी बनने की प्रेरणा बचपन से ही दी जाती है। अभिभावक हों या...
कई बार जीवन में ऐसे अवसर भी आते हैं कि जब कोई व्यक्ति किसी स्थान पर जाने के लिए काफी...
अपने जन्मदिन को लेकर किसी को कई दिन से इंतजार रहता है। वहीं जन्मदिन में शामिल होने वालों को भी...
वैसे तो मैं भूतकाल से सबक लेकर वर्तमान को ही बेहतर बनाने का प्रयास करता हूं। भविष्य को लेकर चिंतित...
कहावत है कि किसी को अफसर के अगाड़ी और घोड़े के पिछाड़ी नहीं जाना चाहिए। दोनों ही कई बार खतरनाक...
जुगाड़ को अपनाने वालों का भी अलग अंदाज होता है। वे हर समस्या का कोई न कोई तोड़ निकालकर कुछ...
