पुलवामा हमले की बरसी आज, शहीदों को देश दे रहा श्रद्धांजलि, नेता चुनावों में व्यक्त
14 फरवरी का दिन जम्मू-कश्मीर की एक दुखद घटना के साथ दर्ज है। तीन बरस बीतें, लेकिन उस घटना के जख्म आज तक हरे हैं, जब आतंकवादियों ने इस दिन को देश के सुरक्षाकर्मियों पर कायराना हमला किया था। 14 फरवरी 2019 को जम्मू-कश्मीर केपुलवामा जिले (Pulwama Attack) के लेथपोरा में जैश-ए-मोहम्मद के आतंकियों ने घात लगाकर सीआरपीएफ के काफिले में घुसकर विस्फोटकों से लदी कार टकरा दी थी। इसके बाद सीआरपीएफ की बस में धमाका हो गया था। इस हादसे में 40 जवान शहीद हो गए थे, जबकि 70 जवान गंभीर रूप से जख्मी हो गए थे।भारत आज कायरतापूर्ण आतंकी हमले की तीसरी बरसी मना रहा है और शहीद हुए वीर जवानों के बलिदान को याद करता है। आज देश की जनता और नेता शहीदों को नमन कर रहे हैं। आज के ही दिन उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान हो रहा है। साथ ही यूपी में भी दूसरे चरण का मतदान चल रहा है। वहीं, पंजाब में चुनाव रैलियां आयोजित हो रही हैं। ऐसे में नेता भी शहीदों को भूलते नजर आ रहे हैं और चुनाव कार्यक्रम में व्यस्त हैं।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट कर लिखा, “तुम्हारे शौर्य के गीत, कर्कश शोर में खोये नहीं।
गर्व इतना था कि हम देर तक रोये नहीं। राष्ट्र की सेवा करते हुए #Pulwama हमले में अपने जीवन को बलिदान कर देने वाले भारत के वीरों को प्रणाम करता हूं। आप जैसे वीर सपूतों पर देश का कण-कण युगों-युगों तक ऋणी रहेगा। जय हिन्द!”
तुम्हारे शौर्य के गीत, कर्कश शोर में खोये नहीं।
गर्व इतना था कि हम देर तक रोये नहीं।राष्ट्र की सेवा करते हुए #Pulwama हमले में अपने जीवन को बलिदान कर देने वाले भारत के वीरों को प्रणाम करता हूं।
आप जैसे वीर सपूतों पर देश का कण-कण युगों-युगों तक ऋणी रहेगा। जय हिन्द! pic.twitter.com/ppRF2g5lGB
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) February 14, 2022
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने आज शहीद हुए वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की है. नितिन गडकरी ने कू किया है कि 14 फरवरी 2019 को, पुलवामा में सीआरपीएफ जवानों पर हुए कायरतापूर्ण आतंकी हमले में शहीद सभी वीर जवानों को विनम्र श्रद्धांजली एवं नमन. उनके बलिदान को देश नहीं भूलेगा।
बता दें कि 20 साल का आदिल अहमद डार इस हमले का सुसाइड बम्बर था, जिसका घर घटनास्थल से 10 किलोमीटर की दूरी पर था। उस दिन सीआरपीएफ का काफिला जम्मू ट्रांजिट कैम्प से अनंतनाग जा रहा था लेकिन बीच रास्ते में ही अहले सुबह चार बजे के करीब उसे शिकार बना लिया गया था। जांच में पता चला कि इस हमले की साजिश पाकिस्तान में बैठे जैश-ए-मोहम्मद के आकाओं ने रची थी, लेकिन सीआरपीएफ के बस को निशाना बनाने का आइडिया काकापोरा के एक दुकानदार का था।
NIA ने पुलवामा आतंकी हमले के मामले में 13500 पेज की चार्जशीट फाइल की है, जिसमें इस दुकानदार का नाम शाकिर बशीर मागरे बताया गया है। चार्जशीट में कुल 19 आरोपियों के नाम हैं, जिनमें 6 मारे जा चुके हैं। 13 जीवित आरोपियों में सबसे ऊपर जैश सरगना मौलाना मसूद अजहर और उसके दो भाइयों- रऊफ असगर मसूद और मौलाना अम्मार अली के नाम भी हैं। अमेरिकी एजेंसी FBI ने भी इस हमले के सबूत जुटाने में मदद की थी।




बता दें कि 20 साल का आदिल अहमद डार इस हमले का सुसाइड बम्बर था, जिसका घर घटनास्थल से 10 किलोमीटर की दूरी पर था। उस दिन सीआरपीएफ का काफिला जम्मू ट्रांजिट कैम्प से अनंतनाग जा रहा था लेकिन बीच रास्ते में ही अहले सुबह चार बजे के करीब उसे शिकार बना लिया गया था। जांच में पता चला कि इस हमले की साजिश पाकिस्तान में बैठे जैश-ए-मोहम्मद के आकाओं ने रची थी, लेकिन सीआरपीएफ के बस को निशाना बनाने का आइडिया काकापोरा के एक दुकानदार का था।