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July 20, 2026

काबुल में आत्मघाती धमाकों में 72 की मौत, मरने वालों में 13 अमेरिकी नौसैनिक, ISIS का हाथ, बाइडन बोले-नहीं करेंगे माफ

अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में हवाई अड्डे के पास हुए कुल सात आत्मघाती बम धमाकों में 12 अमेरिकी सैनिकों समेत अब तक 72 लोगों की मौत हो गई है।

अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में हवाई अड्डे के पास हुए कुल सात आत्मघाती बम धमाकों में 12 अमेरिकी सैनिकों समेत अब तक 72 लोगों की मौत हो गई है। मारे गए बाकी 60 लोगों के अफगान नागरिक होने का अनुमान है। इसके अलावा एक अस्पताल में अन्य 60 घायलों का इलाज किया जा रहा है। दो अमेरिकी अधिकारियों ने कहा कि अमेरिकी सेना के 60 से अधिक जवान घायल हुए हैं और इनकी संख्या बढ़ सकती है। वहीं, रूस के विदेश मंत्रालय ने कहा कि हवाईअड्डे के पास दो आत्मघाती हमलावरों और बंदूकधारियों ने भीड़ को निशाना बनाकर हमला किया, जिसमें कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई, जबकि दर्जनों लोग घायल हुए हैं। हालांकि, यह साफ नहीं हो सका कि रूसी अधिकारियों द्वारा उपलब्ध कराए गए मृतकों के आंकड़ों में मारे गए अमेरिकी नौसैनिकों की संख्या शामिल है या नहीं।
अमेरिकी अधिकारियों ने कहा कि वे चिंतित हैं कि दोहरे विस्फोटों के बाद एयरपोर्ट पर और हमले हो सकते हैं। तालिबान के एक अधिकारी ने कहा कि बच्चों सहित कम से कम 13 लोग मारे गए और कई तालिबान गार्ड घायल हो गए। मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि मरने वालों की संख्या कम से कम 60 है। एक अमेरिकी अधिकारी ने प्रारंभिक जानकारी का हवाला देते हुए बताया कि विस्फोट में कम से कम पांच अमेरिकी सैन्यकर्मी हताहत हुए हैं, जिसमें एक गंभीर है। अमेरिकी अधिकारियों ने कहा है कि काबुल हवाई अड्डे पर लगभग 5,200 अमेरिकी सैनिक सुरक्षा व्यवस्था में तैनात हैं।
संयुक्त राज्य अमेरिका और सहयोगियों ने इस्लामिक स्टेट के आतंकवादियों के खतरे के बारे में एक दिन पहले ही चेताया था। इसके बाद यह विस्फोट सामने आया है। अमेरिका ने हमले की चेतावनी देते हुए अफगानों से क्षेत्र छोड़ने का आग्रह किया था। अमेरिकी कांग्रेस ब्रीफिंग से जुड़े एक सूत्र ने कहा कि अमेरिकी अधिकारियों को पूरा विश्वास है कि इन दोनों विस्फोटों के पीछे अफगान सहयोगी इस्लामिक स्टेट का हाथ हो सकता है। इसे इस्लामिक स्टेट खुरासान (ISIS-K) के रूप में भी जाना जाता है। ISIS-K का हमेशा से संयुक्त राज्य अमेरिका और तालिबान द्वारा विरोध किया जाता रहा है है। पश्चिमी देश इस्लामिक स्टेट के आतंकवादियों द्वारा संभावित हमले की चेतावनी देते रहे हैं। तालिबान के लड़ाके हवाई अड्डे के बाहर रखवाली कर रहे हैं। बता दें अफगान सहयोगी इस्लामिक स्टेट तालिबान का दुश्मन है।

पेंटागन के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने कहा कि एक विस्फोट हवाई अड्डे के एबी गेट के पास और दूसरा पास के बैरन होटल के पास हुआ। दो अमेरिकी अधिकारियों ने कहा कि विस्फोटों में से कम से कम एक आत्मघाती बम विस्फोट प्रतीत होता है। किर्बी ने ट्विटर पर कहा कि-हम पुष्टि कर सकते हैं कि एबी गेट पर विस्फोट एक जटिल हमले का परिणाम था, जिसके परिणामस्वरूप कई अमेरिकी और अन्य नागरिक हताहत हुए। हम एबी गेट से थोड़ी दूरी पर बैरन होटल में या उसके पास कम से कम एक अन्य विस्फोट की पुष्टि कर सकते हैं।
गुस्से में राष्ट्रपति जो बाइडेन
काबुल एयरपोर्ट के बाहर हुए बम धमाके में अमेरिकी सैनिकों की मौत के बाद राष्ट्रपति जो बाइडेन बेहद गुस्से में हैं। हमले के बाद वाइट हाउस से अपने एक संबोधन में जो बाइडेन ने कहा कि हम आतंकियों को माफ नहीं करेंगे, उन्हें ढूंढेंगे और इसकी सजा देंगे। दरअसल, काबुल एयरपोर्ट के बाहर हुए आत्मघाती हमले में 12 अमेरिकी सैनिकों की मौत हो गई है।
हम माफ नहीं करेंगे, हम उन्हें ढूंढेंगे और मारेंगे
काबुल के हमलावरों को चेतावनी देते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा- हम माफ नहीं करेंगे। हम नहीं भूलेंगे। हम आपको ढूंढेंगे, मारेंगे और आपके किए की सजा देंगे। राष्ट्रपति बाइडेन ने कहा- हम अफगानिस्तान से अमेरिकी नागरिकों को बचाएंगे। हम अपने अफगान सहयोगियों को बाहर निकालेंगे और हमारा मिशन जारी रहेगा।