समस्याओं से जूझ रहे उत्तराखंड के छात्र, सरकार आपकी और आपके संगठन फूंक रहे पुतला
उत्तराखंड में इन दिनों छात्र समस्याओं से जूझ रहे हैं। या कहें कि नया सत्र आरंभ होने के बाद समस्याएं छात्र संगठनों को नजर आने लगती हैं। कारण ये भी है कि कौन सा संगठन छात्रों की समस्याओं को लेकर कितना चिंतित है, यदि ये साबित नहीं करेंगे तो फिर छात्रसंघ चुनाव में कैसे जाएंगे। उत्तराखंड में बीजेपी की सरकार है। बीजेपी से जुड़ा छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद भी आंदोलन को मजबूर है। सवाल उठता है कि जब सरकार आपकी है तो आपको ही फिर आंदोलन की जरूरत क्यों पड़ी। उत्तर ये है कि सरकार, पार्टी और संगठन में तालमेल तक नहीं है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
हालांकि, हम जिस छात्र आंदोलन की जानकारी दे रहे हैं, ये आंदोलन छात्रों के खुद के परीक्षा में कम नंबर आने के विरोध में हुआ। छात्रों की समस्याएं तो बहुत हैं। नई शिक्षा नीति के चलते सीयूईटी की परीक्षा देने से वंचित रहे हजारों छात्र इस साल छात्र सरकारी कॉलेजों में एडमिशन से वंचित रह गए। इस समस्या पर छात्र संगठनों का विरोध सामने नहीं आया। हो सकता है किसी संगठन ने कहीं विरोध किया हो, लेकिन हमें इसकी जानकारी नहीं मिली। छात्र संगठन मुद्दों को लेकर कमजोर पड़ रहे हैं। वहीं, राजनीतिक दलों के लोग शिक्षा से संबंधित इन बारीकियों से बेखबर हैं। खैर कोटद्वार में छात्रों ने आज प्रदर्शन कर विरोध जताया, लेकिन मुद्दा सिर्फ परीक्षा परिणाम और नंबरों से जुड़ा है। एडमिशन का मुद्दा विपक्षी दलों के साथ ही छात्रों की समझ से परे है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
खबर ये है कि पौड़ी जिले में आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद भाबर इकाई द्वारा श्री देव सुमन विश्वविद्यालय प्रशासन का पुतला दहन किया गया। विरोध प्रदर्शन के दौरान कहा गया कि विश्वविद्यालय द्वारा छः माह से पूर्व ही अगले सेमेस्टर की परीक्षा शुरू कर दी गई। पिछले सेमेस्टर के परीक्षा परिणाम मे कई सारी त्रुटियां थीं। ज्यादातर छात्रों की बैक लगी है। इसमें मेधावी छात्र भी शामिल हैं। ग्रेडिंग सिस्टम की वजह से छात्रों को अभी तक अपने मूल अंक तक ज्ञात नहीं हैं कि वो कितने अंक से फेल हुए हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
राजकीय महाविद्यालय कण्वघाटी कोटद्वार के गेट के समक्ष हुए प्रदर्शन के दौरान विश्वविद्यालय प्रशासन से एबीवीपी ने मांग की है कि छात्रों के परीक्षा परिणाम मे सुधार किया जाए। या छात्रों की जल्द से जल्द बैक परीक्षा करवाई जाए। प्रदर्शन करने वालों में एबीवीपी के पूर्व नगर मंत्री सागर कंडवाल, प्रदेश कार्यकारणी सदस्य मनजीत थपलियाल, पूर्व जिला सह संयोजक अजय रावत, इकाई उपाध्यक्ष सौरव रावत, छात्र संघ सचिव आयुष रावत, इकाई सह मंत्री अमन केष्टवाल, हर्षिता त्यागी, भावना, पारुल, आयुष केष्टवाल, दिव्यांशी राणा, सानिया जुयाल, दीपिका, प्रियांशी, नेहा, गायत्री, पलक, अंजली, दीपांशु, हेमंत, करन, मुकेश, आकांशा रावत, रुचिका, आदित्य आदि शामिल रहे।
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