एसआरएचयू और जामिया हमदर्द विश्वविद्यालय के बीच एमओयू, शिक्षा व शोध सहयोग को मिलेगी नई उड़ान
देहरादून के डोईवाला क्षेत्र में स्थित स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू) जौलीग्रांट और जामिया हमदर्द विश्वविद्यालय नई दिल्ली के बीच शिक्षा, शोध और नवाचार के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने को लेकर एक महत्वपूर्ण एमओयू पर हस्ताक्षर किये। इस साझेदारी से दोनों संस्थानों के विद्यार्थियों, शोधार्थियों और शिक्षकों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नए अवसर प्राप्त होंगे। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में एमओयू पर एसआरएचयू की ओर से रजिस्ट्रार कमांडर (सेनि.) चल्ला वेंकटेश्वर तथा जामिया हमदर्द की ओर से रजिस्ट्रार कर्नल ताहिर मुस्तफा (सेनि.) ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर जामिया हमदर्द के कुलपति डॉ. अफसर आलम ने कहा कि जामिया हमदर्द को फार्मेसी श्रेणी में एनआईआरएफ रैंकिंग में देशभर में पहला स्थान प्राप्त हुआ है, जबकि क्यूएस विश्व रैंकिंग में विश्वविद्यालय को 59वीं रैंक हासिल हुई है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में संस्थानों के बीच सहयोगात्मक दृष्टिकोण अत्यंत आवश्यक है और यह साझेदारी शिक्षा एवं रिसर्च के क्षेत्र में उत्कृष्ट परिणाम देने में सहायक सिद्ध होगी। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
एसआरएचयू की स्कूल ऑफ फार्मास्युटिकल साइंसेज की डीन प्रो. प्रीति कोठियाल ने कहा कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के सपनों को सही दिशा देने के अपने संकल्प के साथ निरंतर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि यह एमओयू शिक्षा एवं शोध गतिविधियों को नई गति प्रदान करेगा तथा फार्मास्युटिकल शिक्षा और रिसर्च के क्षेत्र में विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर के अवसर उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कार्यक्रम में जामिया हमदर्द के डीन फार्मेसी डॉ. उमा भंडारी, डीन रिसर्च एंड डेवलपमेंट डॉ. शाकिर अली, डीन आईक्यूएसी डॉ. शहरयार तथा स्कूल ऑफ फार्मास्युटिकल एजुकेशन एंड रिसर्च के विभिन्न विभागाध्यक्ष उपस्थित रहे।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो। यदि आप अपनी पसंद की खबर शेयर करोगे तो ज्यादा लोगों तक पहुंचेगी। बस इतना ख्याल रखिए।

Bhanu Bangwal
लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।


