सीटू के स्थापना दिवस पर किया झंडारोहण, शुरू किया गया हस्ताक्षर अभियान
सीटू के स्थापना दिवस पर देहरादन स्थित सीटू कार्यालय पर झंडारोहण किया गया। इसके बाद मजदूरों के बीच जाकर हस्ताक्षर अभियान शुरू किया गया। साथ ही श्रमिकों की मांगों लेकर संघर्ष करने का संकल्प लिया गया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
झंडा सीटू के जिला अध्यक्ष एसएस नेगी ने फहराया। इस अवसर पर सीटू के जिला महामंत्री लेखराज ने उपस्थित कार्यकर्ताओं से कहा कि मांगपत्र में श्रमिकों को न्यूनतम वेतन 26000 रुपये करने, श्रम कानूनों को बहाल करने, उत्तराखंड में पिछले 20 नवंबर 2025 से वेतन भुगतान अधिनियम लागू करने, ग्रेच्युटी भुगतान, बोनस भुगतान अधिनियम लागू करने की मांग की गई। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
वक्ताओं ने कहा कि सरकार ने उक्त मांगों से संबंधित सभी कानून समाप्त कर दिए हैं। इससे मालिकों का फायदा हो रहा है। उन्हें श्रमिकों की गाढ़ी कमाई की लूट की खुली छूट मिल गई है। इस लूट का सीटू प्रतिरोध करती है। उन्होंने कहा कि श्रम विभाग के अधिकार समाप्त कर दिए गए हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
इस अवसर पर वक्ताओं ने निर्माणाधीन लखवाड़ व्यासी जलविद्युत परियोजना के कार्यरत एल & टी कंपनी की ओर से श्रमिकों का शोषण व उत्पीड़न के मुद्दे पर भी चर्चा की। कहा कि श्रम विभाग के अधिकारी और कंपनी की मिलीभगत से श्रमिकों की समस्याओं का हल नहीं किया जा रहा है। श्रमिकों को मिलने वाला टनल अलाउंस जो कि केंद्र सरकार के अधिनियम में है। इसे उत्तराखंड में लागू करने से मना किया जा रहा है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
उन्होंने कहा की कि यदि कंपनी श्रमिकों का शोषण बंद नहीं करती है तो सीटू पूरे प्रदेश में आंदोलन करेगी। इस अवसर पर सीटू के जिला उपाध्यक्ष भगवंत पायल, कृष्ण गुनियाल, रवींद्र नौडियाल, दयाकिशन पाठक, हिमांशु चौहान, सोनू कुमार, नरेंद्र सिंह, शिवा दुबे, रजनी गुलेरिया, मोनिका, प्रेमा आदि उपस्थित थे।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो। यदि आप अपनी पसंद की खबर शेयर करोगे तो ज्यादा लोगों तक पहुंचेगी। बस इतना ख्याल रखिए।

Bhanu Bangwal
लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।


