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June 22, 2026

कांग्रेसियों ने बस्तीवासियों के साथ किया नगर निगम का घेराव, पूर्व विधायक राजकुमार ने की ये मांग

देहरादून की मलिन बस्तियों में अतिक्रमण के नाम पर नगर निगम देहरादून की ओर से वहां के निवासियों को दिये गये ध्वस्तीकरण के नोटिसों को शीघ्र निरस्त किये जाने की मांग को लेकर कांग्रेसियों ने बस्तीवासियों के साथ नगर निगम पर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान नगर निगम का घेराव किया गया और नगर आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर उचित कार्रवाई की मांग की। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

पूर्व विधायक एवं मलिन बस्ती सुधार समिति के पूर्व अध्यक्ष राजकुमार के नेतृत्व में ये प्रदर्शन किया गया। इस अवसर पर नगर आयुक्त नमामि बंसल को मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन दिया गया। इसमें कहा गया कि दून की मलिन बस्तियों में अतिक्रमण के नाम पर नगर निगम, देहरादून की ओर से कई मलिन बस्तियों में घरों को ध्वस्त करने केनोटिस दिये गये हैं। इसमें उनसे 2016 से पूर्व के समस्त कागजात जमा करने को कहा गया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

ज्ञापन में यह भी कहा गया कि यह लोग तीस से चालीस वर्षों से नदी रिस्पना, एवं बिन्दाल नदी पर अपने कच्चे मकान बना कर परिवार सहित निवास कर रहे हैं। इन सभी मलिन बस्तीवासियों ने अपनी मेहनत, खून, पसीने की कमाई से अपने छोटे-छोटे मकान बना रखे हैं। इन बस्तीवासीगणों को कभी फलड जोन, कभी अतिक्रमण व कभी एलिवेटेड रोड के नाम से हटाने का प्रयास किया जाता है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

पूर्व विधायक राजकुमार ने कहा कि नदी रिस्पना व बिन्दाल में कई सरकारी भवन जैसे विधान सभा, पुलिस कॉलोनी व अन्य कई विभागों के भवन निर्मित हैं। कई जगह सरकारी भूमि पर प्रभावशाली लोगों ने नदी नालों की जगह पर अतिक्रमण कर रखा है। उन विभागों व अन्य प्रभावशाली लोगों को कभी भी किसी विभाग की ओर से कोई नोटिस नहीं दिया गया है। सिर्फ गरीब व निर्धन लोगों को नोटिस देकर भयभीत किया जा रहा है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

 

उन्होंने कहा कि आज सभी मलिन बस्ती में निवास करने वाले लोग डरे हुए हैं कि कभी भी उनके आवासीय भवनों को तोड़ दिया जायेगा। सभी मलिन बस्ती वासियों के पास पानी, बिजली, आधार कार्ड, राशनकार्ड, मतदाता पहचान पत्र, गैस के कागज, बच्चों के जन्म प्रमाण पत्र, जीवन बीमा, बैंक खाता तथा सभी प्रकार के आवश्यक दस्तावेज है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

इन सभी मलिन बस्ती में पार्षद निधि, विधायक निधि, सांसद निधि, नगर निगम, पीडब्ल्यूडी, जल संस्थान, सिचाई विवाग, मसूरी विकास प्राधिकरण, विद्युत विभागों द्वारा निर्माण कार्य कराये गये है तथा इन सभी विभागों ने इन्हें सीवर, पानी, बिजली के कनैक्शन दिये गये है। साथ ही नगर निगम द्वारा भवन कर भी लगा रखा है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

ज्ञापन में कहा गया कि इसलिए इन सभी मलिन बस्ती के निवासियों को मालकाना हक पूर्व बनी नियमावली के तहत दिया जाना उचित है। इसमें कोई तकनीकी या व्यवहारिक दिक्कतें हैं, तो मलिन बस्तियों को उजाड़ने से पहले वहां के लोगों को पुनर्वास की समुचित व्यवस्था की जाए। जो भी बस्ती वासियों को ध्वस्तीकरण के नोटिस दिये गये है, उन्हें शीघ्र निरस्त किया जाये। यदि ऐसा नहीं किया गया तो मजबूर होकर बस्तीवासियों को मुख्यमंत्री आवास का घेराव व सचिवालय का घेराव करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

इस अवसर पर महानगर कांग्रेस कमेटी के पूर्व महानगर अध्यक्ष लालचन्द शर्मा ने कहा कि कांग्रेस बस्तीवासियों के साथ है। उनकी समस्याओं के समाधान के लिए व्यापक स्तर पर संघर्ष करती रहेगी। प्रदर्शन करने व ज्ञापन देने वालों में नगर निगम के पूर्व नेता प्रतिपक्ष नीनू सहगल, अर्जुन सोनकर, निखिल कुमार, विरेन्द्र बिष्ट, मुकीम अहमद, संगीता गुप्ता, कोमल वोहरा, महेंद्र सिंह, दीप वोहरा, प्रमोद कुमार गुप्ता, शकील अहमद, सोम प्रकाश वाल्मीकि, इमराना प्रवीन, मालती देवी, सविता सोनकर, मुकेश सोनकर, गुलशन, विजेन्द्र चौहान, सुनील कुमार बांगा, मोहन काला, ओम प्रकाश, राजेन्द्र खन्ना, गिरीश नेगी, जहांगीर खान, नीलम जोशी, राजू साहनी, नीलम जोशी, अरुण शर्मा, नूरजहां, कमलेश, शिव कुमार, उदयवीर मल्ल सहित अनेक कांग्रेसी और बस्तीवासी शामिल थे।
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Bhanu Bangwal

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भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।