उत्तराखंड में धामी सरकार के बजट को कांग्रेस के प्रदेश मीडिया प्रभारी राजीव महर्षि ने बताया महज शब्दजाल
उत्तराखंड प्रदेश कॉंग्रेस के मीडिया प्रभारी राजीव महर्षि ने धामी सरकार की ओर से मंगलवार को विधानसभा में पेश किये गए बजट को महज शब्दजाल करार दिया है।
उत्तराखंड प्रदेश कॉंग्रेस के मीडिया प्रभारी राजीव महर्षि ने धामी सरकार की ओर से मंगलवार को विधानसभा में पेश किये गए बजट को महज शब्दजाल करार दिया है। उन्होने कहा कि जिन योजनाओं का बजट में प्रावधान किया गया है, वे सब या तो केन्द्र पोषित हैं या फिर बाह्य सहायतित हैं। धामी सरकार का इसमें सिर्फ गाल बजाने का योगदान है। रोजगार, स्वास्थ्य, शिक्षा, पलायन की रोकथाम जैसे मद्दों को केवल औपचारिक रूप से बजट में शामिल किया गया है।महर्षि ने धामी सरकार के इस बजट को आम जनता के साथ छलावा करार देते हुए कहा कि इस बजट से लोगों को सिर्फ निराशा ही हाथ लगी है। इसमें आकड़ों की बाजीगरी के अलावा कुछ नहीं है। कॉंग्रेस मीडिया प्रभारी ने कहा कि गैरसैंण के विकास के लिए बजट की व्यवस्था न कर सरकार का दोहरा चरित्र उजागर हो गया है, जबकि यह सरकार ग्रीष्मकालीन राजधानी का राग अलापने में नहीं थकती। उन्होंने कहा कि 65571.49 करोड़ का बजट दिखने में बेशक लोकलुभावन है, लेकिन वस्तुत इसमें न तो राहत की उम्मीद जगती है और न विकास की कोई दिशा ही है। उन्होंने कहा कि सरकार का यह दावा सत्य से परे है कि प्रदेश के विकास के लिए बजट में हर सेक्टर और वर्ग पर फोकस किया गया है।
काग्रेस मीडिया प्रभारी ने कहा कि प्रदेश के गढ़वाल व कुमाऊं मंडल के विभिन्न जिलों से पलायन पर प्रभावी प्रहार के लिए ठोस रणनीति बनाने की बात जरूर बजट में की गई है, लेकिन पलायन रोकथाम योजना के लिए मात्र 25 करोड़ रखे गए हैं। इसी तरह सीमांत क्षेत्र विकास कार्यक्रम के लिए मात्र 44.78 करोड़ और मुख्यमंत्री सीमांत क्षेत्र विकास योजना के लिए 20 करोड़ का प्रावधान है। सीमांत क्षेत्र हमारी द्वितीय रक्षा पंक्ति है। इससे सरकार की गम्भीरता साफ झलकती है।



