Loksaakshya Social

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

July 19, 2026

आयुर्वेद विश्वविद्यालय में आयुर्वेद चिकित्सकों को दिया गया फारमेकोविजिलेंस का प्रशिक्षण

उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय में एक दिवसीय फार्मेकोविजिलेंस आफ़ आयुर्वेदिक मेडिसिन कार्यशाला का आयोजन क्षेत्रीय आयुर्वेद अनुसंधान संस्थान अल्मोड़ा (केन्द्रीय आयुर्वेदीय विज्ञान अनुसंधान संस्थान परिषद, आयुष मंत्रालय, भारत सरकार, नई दिल्ली) की ओर से आयोजित किया गया। इसका उद्घाटन विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ अरुण कुमार त्रिपाठी ने डीएयूओ देहरादून डॉ जेसीएस जंगपांगी, भारतीय चिकित्सा परिषद, उत्तराखंड की रजिस्ट्रार नर्मदा गुसाईं, सीसीआरएएस, आरएआरआई के रानीखेत अल्मोड़ा के सहायक निदेशक डॉ ओमप्रकाश की उपस्थिति में दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

इस मौके पर सीसीआरएएस रानीखेत अल्मोड़ा के रिसर्च आफिसर डॉ तरुण कुमार ने फारमेकोविजिलेंस विषय पर विस्तार से जानकारी दी। यूएयू हर्रावाला देहरादून की वशिष्ठ असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ किरन ने आयुष रक्षा पोर्टल पर विस्तार से जानकारी दी। प्रशिक्षण समाप्ति के पश्चात सभी चिकित्सकों को प्रमाणपत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

 

प्रशिक्षण कार्यशाला में डॉ डीसी पसबोला, डॉ राजीव कुरेले, डॉ हर्ष धामी, डॉ अजयवीर, डॉ सुचिता गिरि, डॉ सुमन, डॉ मीरा रावत, डॉ दीपा चुघ, डॉ वन्दना, डॉ एच एम त्रिपाठी, डॉ वर्षा सक्सेना, डॉ रंजीता राना, डॉ प्रतिभा बलोदी, डॉ उत्तरा पाल, डॉ रेखा त्रिपाठी, डॉ पंकज बच्चस, डॉ के एन भट्ट, डॉ रंजना, डॉ रामकिशोर, डॉ इन्द्रा अग्रवाल, डॉ पारूल, डॉ शैलजा रोहिला, डॉ हिमानी, डॉ रोमा, डॉ अर्चना कोहली, डॉ ज्योत्स्ना, डॉ रत्ना, डॉ अमित रावत आदि इत्यादि उपस्थित रहे।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो।