Loksaakshya Social

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

October 8, 2026

पूर्व सूचना के बिना बिजली गुल ना करे सरकार, पानी की आपूर्ति ना होने से मचने लगा हा हाकारः जगमोहन मेंदीरत्ता

उत्तराखंड में इन दिनों बिजली सुधार की कवायद चल रही है। कई स्थानों पर अडानी की कंपनी के इलेक्ट्रोनिक मीटर लगाने के लिए जमीन के भीतर नई लाइन बिछाई जा रही है। इसके चलते राजधानी देहरादून में जगह जगह सड़क की खुदाई का काम चलने से पूरे शहर की सड़कें गड्ढों में तब्दील हो रही है। इसे लेकर वरिष्ठ नागरिकों में नाराजगी है। उनका कहना है कि यदि कोई भी सुधारात्मक कार्य होता है और उस दौरान बिजली गुल की जाती है तो संबंधित क्षेत्र के लोगों को पूर्व सूचना दी जाए। ताकि लोग इसके लिए तैयार रहें। वरिष्ठ नागरिक एवं पर्यावरणविद् और समाजसेवी जगमोहन मेंदीरत्ता ने इस संबंध में अपनी आपत्ति दर्ज की है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

जगमोहन मेंदीरत्ता के मुताबिक, देहरादून में नेशविल्ला रोड, ओंकार रोड एवं डोभालवाला क्षेत्र में पिछले दिनों बिजली विभाग की ओर से लंबी और अघोषित बिजली कटौती ने क्षेत्रवासियों की परेशानी बढ़ा दी है। बिजली सुधार एवं तकनीकी कार्यों के नाम पर जिस प्रकार बिना पूर्व सूचना के विद्युत आपूर्ति बाधित की जा रही है, उससे आम जनता में भारी नाराजगी है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

एक बयान में उन्होंने बताया कि कल सुबह लगभग नौ बजे बिना किसी पूर्व सूचना के बिजली बंद कर दी गई। इसके बाद दोपहर लगभग दो बजे एसएमएस के माध्यम से सूचना दी गई कि तकनीकी कारणों से क्षेत्र में तीन घंटे के लिए बिजली बंद रहेगी, लेकिन बिजली निर्धारित समय पर बहाल होने के बजाय लगभग रात नौ बजे आई। ऐसे में लोगों के इंवर्टर भी ठप हो गए। इतना ही नहीं, अगले दिन आज सुबह लगभग पांच बजे पुनः बिजली चली गई, जबकि इसकी कोई पूर्व सूचना क्षेत्रवासियों को नहीं दी गई। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

उन्होंने कहा कि लगातार कई घंटों तक बिजली न रहने का सीधा असर पानी की आपूर्ति पर पड़ा। बिजली के अभाव में कल शाम और आज सुबह क्षेत्र में पानी की व्यवस्था प्रभावित रही। इससे परिवारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। क्षेत्र में ऐसे अनेक लोग हैं, जिनका रोजगार सीधे बिजली पर निर्भर है। बिजली बंद रहने के कारण उनका कामकाज पूरी तरह प्रभावित हुआ और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। घरों में लगे इन्वर्टर भी लगातार बिजली बंद रहने के कारण रात तक जवाब दे गए, जिससे लोगों को अंधेरे और असुविधा का सामना करना पड़ा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

उन्होंने कहा कि ऊर्जा निगम यदि किसी तकनीकी कार्य अथवा मरम्मत के कारण विद्युत आपूर्ति बंद करता है तो जनता को समय रहते स्पष्ट और सही सूचना देना उसकी जिम्मेदारी है। अचानक बिजली बंद करना और कई घंटे बाद एसएमएस के माध्यम से सूचना देना किसी भी दृष्टि से उचित व्यवस्था नहीं कही जा सकती। यह भी चिंता का विषय है कि क्षेत्र की जनता को इतनी गंभीर परेशानी होने के बावजूद हमारे जनप्रतिनिधियों की ओर से कोई प्रभावी हस्तक्षेप अथवा स्पष्ट प्रतिक्रिया दिखाई नहीं दी। जनता ने अपने प्रतिनिधियों को अपनी समस्याओं को संबंधित विभाग तक पहुंचाने और उनका समाधान कराने के लिए चुना है। ऐसे समय में उनकी चुप्पी भी क्षेत्रवासियों के बीच निराशा पैदा करती है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

उन्होंने कहा कि बिजली व्यवस्था में सुधार आवश्यक है और जनता भी विभाग के तकनीकी कार्यों में सहयोग करने को तैयार है, लेकिन सुधार के नाम पर जनता को लगातार घंटों तक बिना सूचना के परेशान करना स्वीकार नहीं किया जा सकता। ऊर्जा निगम को चाहिए कि विद्युत कटौती की स्थिति में कम से कम एक दिन पहले सूचना, अनुमानित कटौती का समय और बिजली बहाल होने की वास्तविक स्थिति सार्वजनिक करे। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

उन्होंने कहा कि जनता बिजली विभाग से बेहतर व्यवस्था, समय पर सूचना और जवाबदेही की अपेक्षा रखती है। संबंधित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों को इस गंभीर समस्या का संज्ञान लेकर ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए। जिससे भविष्य में नेशविल्ला रोड, ओंकार रोड, डोभालवाला एवं आसपास के क्षेत्रों के नागरिकों को इस प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो। यदि आप अपनी पसंद की खबर शेयर करोगे तो ज्यादा लोगों तक पहुंचेगी। बस इतना ख्याल रखिए।

Bhanu Bangwal

लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।