ना जाने "मैं" क्यूं कभी कभी हिंदू "मैं", कभी मुस्लिम, कभी ईसाई हो जाता हूं, कभी सिक्ख "मैं", कभी पारसी,...
Literature
कभी-कभी लगता है प्रेम जैसी सरल भावना को कितना जटिल बना दिया गया है। जिसने भी प्रेम में पहले मरने...
देह पर दर्ज निशान! मैं, शरीर पर नीले निशान लेकर पैदा हुआ था। इन निशानों के बारे में सबके अपने...
किताबें (1) सबसे अच्छी यार किताबें। पढ़ली जिसने चार किताबें॥ कर देती होशियार किताबें। कागज पर लिखी दास्ताँ किताबें॥ सारे...
श्री पिताजी नम जयजय पिताजी नमः बोलो श्री पिताजी नमः... दिन भर करते मेहनत-2 चल देते अल सुबह।। बोलो श्री...
गांव और शहर के बीच अंतर अनेक तरह के होते हैं। शहर में रहने वाले लोगों के लिए अन्यथा समाज,...
देहरादून में ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी में देश के नामचीन कवियों ने अपनी रचनाओं से आज श्रोताओं को हंसते हंसते...
एक समय आयेगा एक समय आयेगा जब शहर से गांव को तरसेंगे लोग एक समय आयेगा जब पैदल चलने को...
भारत के सबसे प्रतिष्ठित साहित्यिक पुरस्कारों में से एक द जेसीबी प्राइज फॉर लिटरेचर ने अपने छठे वर्ष में प्रवेश...
मोबाइल चस्को लाग्यो...2 आमा बुबु नानातिना स्टेटस चैक करनी...2 आजकल फैशना हाथ हाथ फोना... सबन... मोबाइल चस्को लाग्यो... सुन भाई...
