" कुटमदरि " रऴि - मिऴि , रावा त,नांगि-कांगि , बंटे जयंद.दगड़म हो , सयंणु दिल-बोल्यूं बि , सये जयंद.....
Literature
शरद का पूनमऋतुओं में शरद ऋतु की बात कुछ निराली है।इस ऋतु में फैली रहती चहुँ ओर हरियाली है।फल फूलों...
जो किसी निर्दोष को दुख देता है, उसे कभी सुख की प्राप्ति नहीं होती । भगवान उसका सुख धीरे-धीरे छीन...
" एक दिल हूंद " दिल सब्यूं , भितर हूंद.दिली त हूंद , जो रूंद.दिल जड़द- पच्छ्यड़द-भितनैं रूंद , भैनैं...
भात कोई आम अन्न नहीं है बल.. दिनभर में कितने पकवान खा लो भात नही खाया तो छपछपी नही पड़ती...
नफरतों के बयान रहने दो।कुछ तो अम्नो-अमान रहने दो।। कल सियासत के काम आएंगे।ये सुलगते मकान रहने दो।। है वतन...
लगे भवानी लाडली ,गिरिनंदिनी राजकिशोरी ।मै तो तुझे मनाऊं माता ,सुन लो विनती मोरी ।। अहो सलोना रूप तेरा मां...
फरिश्तों के घर से ,फलक से उतर के ।मैं किसी के घर आई ,किसी की गोदी में समाई ।। किसी...
मलिन मास गया,कोरोना का काल गया।नवरात्र के अवसर पर,मां भगवती का वास हुआ। शरद ऋतु का साथ मिला,वान पैंय्या का...
कुत्तों का सौंदर्यशास्त्र शायद मनुष्यों के सौंदर्यशास्त्र से बहुत भिन्न नहीं होता। इसीलिए, सड़क पर मंथर गति से आगे बढ़ती...
