निशांत के लिए शिशिर ऋतु की सीत, ज्यूं जम जाय संसार। ग्रीष्म ऋतु का ताप, उगलता आग आकाश। पावस ऋतु...
Literature
बूंद भर जीवन आज चांद टूट गया देख साधिका ताप । कैसे करूं बखान, आज साधक हार गया।। बूंद नीर...
एक कहावत है कि प्रेम में व्यक्ति अंधा हो जाता है। उसे अच्छा व बुरा कुछ भी नहीं दिखाई देता।...
सावित्री बाई फुले मिले सबको एक सम्मान, पढ़ा-लिखा हो हर इन्सान। मिटे देश की हर कमजोरी अनपढ़ रहे न कोई...
बाधाओं से कब तक डरेगा बंदे! बाधाओं से कब तक डरेगा, कब तक अपनी राहे पलटेगा, वो राहो के पत्थर...
हँसता गाता परिवार। हँसता गाता परिवार हैं मेरा , प्यारा सा ये संसार है मेरा । मम्मी पापा हमसे अच्छे,...
हो मौज बहार कि आया नया साल छा जाए नया साल कर दफा हर मजबूरी। बेहतर हो नया साल कि...
शुभेच्छा हम सबके के आँगन में, छाए नित नई बहारें। सहयोग व सद्भाव रहे, आपस में स्नेह रहे व प्रेम...
तब ही अपना नववर्ष मने जब ऋतुराज बसंत छटा छलके , जब कुंज में पुष्प लता महके । जब यज्ञ...
कोल्ड्रिक बियरबार पाड़ डांडा वार पार कच्ची न पक्क्यूंकि बार मैनिफैक्चिरिंग बहार होली मेरा उत्तराखंडमां डेब्लपमेंट 2020 मा। चूनै र्वट्टि...
