Loksaakshya Social

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

July 16, 2026

हिमालयन इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज में नेशनल फार्माकोविजिलेंस वीक 2025, दवाओं व उपकरणों की सुरक्षा पर जागरूकता

देहरादून में डोईवाला क्षेत्र में स्थित हिमालयन इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एचआईएमएस), जौलीग्रांट में नेशनल फार्माकोविजिलेंस सप्ताह- 2025 का आयोजन किया गया। फार्माकोलॉजी विभाग द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में पोस्टर प्रतियोगिता, नाटिका और विशेष व्याख्यान के माध्यम से दवाओं व मेडिकल उपकरणों के सुरक्षित उपयोग की जानकारी दी गई। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

शुक्रवार को स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय के आदि कैलाश सभागार में आयोजित विशेष व्याख्यान में मुख्य वक्ता एम्स ऋषिकेश की फार्माकोलॉजी विभाग से प्रोफेसर डॉ. मनीषा बिष्ट ने कहा कि दवाओं और चिकित्सा उपकरणों के प्रयोग से स्वास्थ्य सेवाएँ बेहतर हुई हैं, लेकिन इसके साथ नई सुरक्षा चुनौतियाँ भी सामने आई हैं। दवाओं के प्रतिकूल प्रभाव और उपकरणों से जुड़े साइड इफेक्ट्स की रिपोर्टिंग बढ़ाना मरीजों की सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

 

कार्यक्रम संयोजक डॉ. तरुणा शर्मा ने बताया कि यह सप्ताह 17 से 23 सितम्बर तक इंडियन फार्माकोपिया कमीशन, नेशनल कोऑर्डिनेशन सेंटर की पहल पर पूरे देश में मनाया जाता है। इस वर्ष का संदेश— “आपकी सुरक्षा बस एक क्लिक की दूरी पर है। एसआरएचयू के प्रति कुलपति डॉ. अशोक कुमार देवराड़ी ने कहा कि ऐसे आयोजन छात्रों और चिकित्सकों को जागरूक करने के साथ-साथ अनुसंधान और नवाचार के लिए भी प्रेरित करते हैं। इस अवसर पर डॉ. दलजीत सिंह और डॉ. रेनू धस्माना ने भी दवा संबंधी दुष्प्रभाव रिपोर्टिंग पर बल दिया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

इससे पहले गुरुवार को एचआईएमएस में आयोजित पोस्टर प्रतियोगिता में एमबीबीएस, पैरामेडिकल और एलाइड साइंसेज़ के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। निर्णायक मंडल में डॉ. सुशांत खंडुरी, डॉ. वाई. एस. बिष्ट और डॉ. रेशमा कौशिक शामिल रहे। प्रथम पुरस्कार श्रेया जोशी, द्वितीय अनन्या बिंदलिश और तृतीय गौरांगी को मिला।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो।