डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम पूर्व प्रंबधक रंजीत सिंह की हत्या में दोषी, 12 अक्टूबर को सुनाई जाएगी सजा
हरियाणा के पंचकूला की विशेष सीबीआई कोर्ट ने शुक्रवार को डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम और चार अन्य को डेरा के पूर्व प्रबंधक रंजीत सिंह की हत्या के मामले में की धारा 302, 120 बी के तहत दोषी ठहराया है।
हरियाणा के पंचकूला की विशेष सीबीआई कोर्ट ने शुक्रवार को डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम और चार अन्य को डेरा के पूर्व प्रबंधक रंजीत सिंह की हत्या के मामले में की धारा 302, 120 बी के तहत दोषी ठहराया है। अदालत 12 अक्टूबर को सजा का एलान करेगी। डेरा में एक साध्वी से कथित बलात्कार का आरोप सामने आने के बाद डेरा मैनेजर रणजीत सिंह का डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम से मतभेद बढ़ गए थे। इसके बाद 10 जुलाई, 2002 को कुरुक्षेत्र जिले के खानपुर कोलियान गांव में उनके खेतों के पास गोली मार दी गई थी।गुरमीत राम रहीम फिलहाल रोहतक जिले की सुनारिया जेल में बंद है। पंचकुला में विशेष सीबीआई अदालत ने 25 अगस्त, 2017 को उसे दो साध्वियों (महिला शिष्यों) से बलात्कार करने का दोषी ठहराया था और 20 साल की कैद की सजा सुनाई थी। इसी सीबीआई कोर्ट ने 17 जनवरी 2019 को सिरसा के पत्रकार राम चंदर छत्रपति की हत्या के मामले में भी उसे उम्रकैद की सजा सुनाई थी।
2017 में राम रहीम को सजा मिलने के बाद पंचकूला में भारी हिंसा फैलाई गई थी, जिसमें 30 से अधिक लोगों की मौत हुई थी। उसके अनुयायियों ने पंचकूला, चंडीगढ़, सिरसा समेत कई जगहों पर भारी तोड़फोड़ और आगजनी की थी। तब राम रहीम और उसकी दत्तक पुत्री हनीप्रीत समेत कई डेरा समर्थकों पर राजद्रोह का केस दर्ज किया गया था।



