विश्व एड्स दिवस पर जागरूकता को लेकर शिक्षिका की कविता
आओ बच्चों तुम्हें बताएं,
एक दिसम्बर खास है।
विश्व एड्स दिवस आज,
करना इसका आगाज है।
सबसे पहले ये जानो,
बीमारी ये लाइलाज है।
मानव जगत में इसका,
कोई अभी नहीं इलाज है।
एच० आई० वी० के संक्रमण,
वायरस इसका संवाहक है।
एक्वायर्ड इम्यूलनो डेफिसिएंशी,
सिंड्रोम’ इसका पूरा नाम है।
संक्रमित सूई, संक्रमित खून,
मानव की है पहली भूल।
जांँच परख कर रोगी को,
कभी न करना इनका प्रयोग।
संयमता और जागरूकता,
ही इसका अचूक इलाज है।
लक्षण ,उपचार,बचाव से,
सबको करना जागरूक है।
संक्रमित रोगी से डरना नहीं,
भेद भाव कतई करना नहीं ।
रिश्ते के प्रति ईमानदार रहना,
घातक बीमारी से सदा बचना।
कवयित्री का परिचय
सन्नू नेगी
सहायक अध्यापिका
राजकीय कन्या जूनियर हाईस्कूल सिदोली
कर्णप्रयाग, चमोली गढ़वाल, उत्तराखंड।

Bhanu Prakash
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भानु बंगवाल
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।



