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January 17, 2026

उत्तराखंड में वीर साहसी बच्चों की तलाश शुरू, राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार 2021 को आवेदन की अंतिम तिथि पांच अक्टूबर

उत्तराखंड में वीर साहसी बच्चों की तलाश शुरू हो चुकी है। ऐसे चयनित बच्चों राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार 2021 प्रदान किए जाएंगे। इसके लिए आवेदन की अंतिम तिथि पांच अक्टूबर तय की गई है।

उत्तराखंड में वीर साहसी बच्चों की तलाश शुरू हो चुकी है। ऐसे चयनित बच्चों राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार 2021 प्रदान किए जाएंगे। इसके लिए आवेदन की अंतिम तिथि पांच अक्टूबर तय की गई है। उत्तराखंड राज्य बाल कल्याम परिषद ने वीर साहसी बच्चों की तलाश आरंभ कर दी है। इसके तहत ऐसे बच्चे शामिल किए जाएंगे, जिन बच्चों ने अपनी जान को जोखिम में डालकर दूसरों की मदद की हो। भारतीय बाल कल्याण परिषद नई दिल्ली के निर्देशानुसार प्रदेश के वीर बच्चों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कार प्राप्त करने का यह एक सुनहरा मौका है। उत्तराखंड राज्य बाल कल्याण परिषद महासचिव पुष्पा मानस ने ये जानकारी दी है। ऐसे बच्चों को पुरस्कार स्वयंसेवियों की ओर से दिये गए दान से आयोजित समारोह में प्रदान किये जाते हैं।
ये है पुरस्कार की राशि
-भारतीय बाल कल्याण परिषद ‘भारत अवॉर्ड’- 100000 रुपये।
-भारतीय बाल कल्याण परिषद (ध्रुव, मार्कण्डेय, श्रवण, प्रह्लाद, एकलव्य, अभिमन्यु)- प्रत्येक पुरस्कार 75,000 रुपये।
जनरल अवार्ड – 40,000 प्रति पुरस्कार।
कुल 25 पुरस्कार प्रदान किये जानें हैं।
मैडल और प्रशस्ति पत्र भी मिलेंगे
बहादुर बच्चों को राष्ट्रीय पुरस्कार में नकद राशि के अलावा गोल्ड, सिल्वर मैडल व प्रशस्ति पत्र के साथ-साथ प्रतिष्ठित व्यक्तित्वों से मुलाकात का मौका मिलेगा। साथ ही नई दिल्ली के ऐतिहासिक दर्शनीय स्थलों के भ्रमण का अवसर भी प्राप्त होता है।
परिषद की ओर से भेजे जाएंगे नाम
उत्तराखंड में परिषद की ओर से बहादुर बच्चों की वीरता से संबंधित कार्यों की स्थलीय जाँच पड़ताल की जाएगी। संबंधित जनपदों के जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक और मुख्यशिक्षाधिकारियों से ये जांच करवाई जाती है। जाँच पड़ताल के बाद अंतिम चयन के लिए आवेदन पत्र भारतीय बाल कल्याण परिषद नई दिल्ली भेजे जायेंगे।
मुख्य बिंदु
परिषद कार्यालय में निर्धारित आवेदन पत्र पहुँचने की अंतिम तिथि ……05 अक्टूबर 2021।
आवेदक बच्चे के साहसिक कार्य/घटना की अवधि…….01 जुलाई 2020 से 30 सितम्बर 2021 के मध्य।
बच्चे की आयु……6 वर्ष से 18 वर्ष।

इस पते पर भेजें आवेदन पत्र
महासचिव पुष्पा मानस ने बताया कि अभी तक उत्तराखंड के 13 बच्चों को राष्ट्रीय स्तर पर बहादुरी के लिए वीरता पुरस्कार मिल चुके हैं। उन्होंने कहा कि पात्र बच्चे अपना आवेदन-पत्र तीन प्रतियों में उचित माध्यम से उत्तराखंड राज्य बाल कल्याण परिषद के निम्नांकित पते पर भेज सकते हैं-
महासचिव, उत्तराखंड राज्य बाल कल्याण परिषद, बाल-भवन, आमवाला तरला, ननूरखेड़ा,रायपुर रोड, देहरादून, उत्तराखंड
ध्यान रखें
परिषद के संयुक्त सचिव कमलेश्वर प्रसाद भट्ट के मुताबिक, घटना से संबंधित समस्त साक्ष्यों जैसे मेडिकल रिपोर्ट/ अखबार की कटिंग/अधिकारियों की आख्या/जन्मतिथि प्रमाण/फोटोग्राफ/घटना की कहानी 250 शब्दों में व मोबाइल नंबर को अंकित करना न भूलें। आवेदन-प्रपत्र संबंधित जनपदों के जिलाधिकारी कार्यालय/पुलिस अधीक्षक कार्यालय/मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय से प्राप्त कर सकते हैं।

Bhanu Bangwal

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भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।

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