एसटीएफ और साइबर क्राइम पुलिस ने 1200 करोड का स्कैम करने वाले गिरोह के नेपाली मूल के सदस्य को किया गिरफ्तार
उत्तराखंड एसटीएफ और साइबर क्राइम पुलिस ने 1200 करोड़ के स्कैम करने वाले गिरोह के नेपाली मूल के सदस्य को दिल्ली से गिरफ्तार किया। बताया गया कि वह दुबई और नेपाल में पैसे भेजने वाले हवाला संचालक का काम कर रहा था। इससे पहले भी इस मामले में कई अन्य के खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है। साइबर क्राईम पुलिस स्टेशन पर दिनांक चार सितंबर 2021 को अमित कुमार पुत्र रामेश्वर प्रसाद निवासी- डी-2 ज्वालापुर सुभाष नगर जनपद हरिद्वार ने मुकदमा दर्ज कराया था। बताया कि अज्ञात व्यक्ति ने व्हाटसएप पर मैसेज भेजा। इसमें सोना/रेडवाईन मसाले आदि की चीन से आनलाइन ट्रेडिंग पर इन्वेस्टमेंट करके ज्यादा मुनाफा कमाने का प्रलोभन दिया गया। साथ ही उससे इस काम के लिए विभिन्न तिथियों में भिन्न-भिन्न खातों में पैसे ट्रांसफर कराकर 1500000 रुपेय की ठगी की गई। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)इस मामले की जांच के लिए तकनीकी टीम का गठन किया गया। टीम ने घटना में प्रयुक्त विभिन्न बैक खातो की डिटेल, केवाईसी एवं मोबाईल नम्बरों की सीडीआर आदि प्राप्त की और इसका विश्लेषण किया। विश्लेषण से अपराध में मनी-लांड्रिग व चाईनिज कनेक्शन होना प्रकाश में आया। इस पर त्वरित कार्यवाही करते हुए एक आरोपी रोहित कुमार को पंजाब के फरीदकोट (पाकिस्तान बार्डर) से, दो अभियुक्तों को भोपाल मध्य प्रदेश से एवं एक अभियुक्त को राउरकेला उड़ीसा से पूर्व में गिरफ्तार किया गया। साथ ही मुम्बई के एक फिल्म निर्माता की संलिप्तता पाये जाने पर उसे 41 (A) सीआरपीसी का नोटिस तामील कराया गया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
विवेचना के क्रम में दिल्ली में स्थित कम्पनियों पर कार्यवाही करते हुए तीन अभियुक्त के विरूद्व न्यायालय से गैर जमानती वांरट जारी किए गए। इस पूरी प्रक्रिया में न्यूनतम 1200 करोड़ के घोटाले का पर्दाफाश हुआ है। जांच में पाया गया है कि अभियुक्तो ने स्वंय को जीएलसी प्राइवेट लिमिटेड कम्पनी मे आनलाईन ट्रेडिंग की बात बताकर फर्जी बेवसाइट के माध्यम से पैसे कमाने का लालच देकर धोखाधडी की है। fake Website (Hongkong, Singapore) से उनके संबंध पाये जाने पर प्रभावी कार्यवाही करते हुए टीम को दिल्ली एनसीआर व अन्य सम्भावित स्थानो में रवाना किया गया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
इसी क्रम में इस मुकदमें के आरोपी नेपाल मूल के यम बहादुर पुत्र टिकाराम हाल निवासी मकान नं 202, फ्लैट नं0 A-342, ब्लॉक A, विजय विहार, रोहणी सैक्टर 5, नई दिल्ली मूल निवासी ग्राम कारीकोट, राईडांडा, थाना वालिम, वार्ड नं0 9, जिला शियांगजा, गंडकी अंचल नेपाल को नई दिल्ली से गिरफ्तार किया गया। इससे ठकी में प्रयुक्त मोबाईल फोन, ATM कार्ड व आधार कार्ड बरामद किया गया। उक्त टीम इस मामले की विवेचना में अब तक कुल 05 अभियुक्तों की गिरफ्तारी कर चुकी है। चार अभियुक्तो को 41 (क) सीआरपीसी का नोटिस तथा 03 अभियुक्त के विरूद्व NBW प्राप्त करते हुए लुक आउट सर्कुलर जारी कराते किए गए हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
अपराध का तरीका
अभियुक्तगणों ने फर्जी कम्पनी बनाकर आम जनता को आनलाईन ट्रेडिंग के झांसे में फंसाकर उन्हें फर्जी बेवसाइट के माध्यम से पैसे कमाने का लालच दिया जाता है। ये आनलाईन धोखाधड़ी कर रहे थे। इनकी ओर से भारत के अलग-अलग कोनो मे दर्जनो फर्जी कम्पनी बनायी गयी थी। साईबर अपराधियो द्वारा फिल्मों की स्क्रीनिंग के नाम पर करोड़ों रुपये क्रिप्टो करेंसी के माध्यम से भारत से बाहर भेजे गये। अपराध मे प्रयुक्त बैवसाईट डिटेल से प्रतीत होता है कि ये बैवसाइट हांगकांग व सिगांपुर मे बनायी गया थी। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
गिरफ्तार अभियुक्त
1. यम बहादुर पुत्र टिकाराम हाल निवासी मकान नं0 202, फ्लैट नं0 A-342, ब्लॉक A, विजय विहार, रोहणी सैक्टर 05, नई दिल्ली मूल निवासी ग्राम कारीकोट, राईडांडा, थाना वालिम, वार्ड नं0 9, जिला शियांगजा, गंडकी अंचल नेपाल।
बरामदगी-
1- मोबाइल फोन- 01
2- ATM कार्ड PNB – 01
3- अभियुक्त का आधार कार्ड
पुलिस टीम-
1- निरीक्षक श्री त्रिभुवन सिंह रौतेला
2- उ.नि. राजेश ध्यानी
3- उ.नि. राहुल कापडी
4- का. हरेन्द्र भण्डारी (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
जनता से अपील
उत्तराखंड एसटीएफ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ आयुष अग्रवाल ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार के लोक लुभावने अवसरो/फर्जी साइट/धनराशि दोगुना करने व टिकट बुक करने वाले अंनजान अवसरो के प्रलोभन में न आएं। किसी भी प्रकार के ऑनलाईन टिकट को बुक कराने से पूर्व उक्त साईट का पूर्ण वैरीफिकेशन स्थानीय बैंक, सम्बन्धित कम्पनी आदि से भलीं भांति इसकी जांच पड़ताल अवश्य करा लें। गूगल से किसी भी कस्टमर केयर नम्बर सर्च न करें। आजकल वर्तमान मे ऐसे बहुत सारे आनलाईन लोन देने वाले एप्प आ गये है जिनको RBI द्वारा अधीकृत नही किया गया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
उन्होंने कहा कि साईबर अपराधी आम लोगो को ऐसे एप्प डाउनलोड करवाकर डाटा एकत्रित कर ब्लैकमेलिंग का प्रयास करते हैं। ऐसे किसी भी लोन एप्प के बारे मे जानकारी प्रप्त होने पर बैंक के सज्ञान मे जरुर लाये। व तत्काल निकटतम पुलिस स्टेशन या साइबर क्राईम पुलिस स्टेशन को सम्पर्क करें। वित्तीय साईबर अपराध घटित होने पर तुरन्त 1930 नम्बर पर सम्पर्क करें। इसके अतिरिक्त गिरफ्तारी के साथ-साथ साईबर पुलिस द्वारा जन जागरुकता के लिए अभियान के अन्तर्गत हैलीसेवा वीडियो साइबर पेज पर प्रेषित किया गया है। जिसको वर्तमान समय तक काफी लोगो ने देख कर शेयर किया है।

Bhanu Prakash
लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
भानु बंगवाल
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।


