Loksaakshya Social

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

July 12, 2026

उत्तराखंड में कड़े भू कानून की मांग को लेकर दिल्ली में प्रवासी उत्तराखंडी सड़कों पर उतरे, दिल्ली में आयुक्त कार्यालय पर धरना

उत्तराखंड में कड़े भू कानून की मांग को लेकर दिल्ली एनसीआर के उत्तराखंडियों ने दिल्ली में प्रदर्शन किया।

उत्तराखंड में कड़े भू कानून की मांग को लेकर दिल्ली एनसीआर के उत्तराखंडियों ने दिल्ली में प्रदर्शन किया। इस दौरान उत्तराखंड कांग्रेस के उपाध्यक्ष और पूर्व दर्जाधारी धीरेंद्र प्रताप के नेतृत्व में आज दिल्ली में उत्तराखंड राज्य की स्थानीय आयुक्त ईला गिरी के कार्यालय के समक्ष लोग पहुंचे और उन्होंने भू कानून के समर्थन में जोरदार नारे लगाए। इस दौरान उत्तराखंड में तत्काल सख्त भू कानून लागू किए जाने की मांग को लेकर उत्तराखंड भू कानून संघर्ष समिति दिल्ली एनसीआर के बैनर तले धरना दिया गया।
इस मौके पर सभी भू कानून समर्थक आंदोलनकारी अनिल पंत, प्रेमा धोनी, दीपिका नयाल, कुशाल जीना, रजनी जोशी, जगत बिष्ट आदि के साझा नेतृत्व में प्रदर्शनकारी बाल भवन पर एकत्रित हुए और वहां से नारे लगाते हुए उत्तराखंड सूचना केंद्र तक गए। जहां पर वह लोग नारे लगाते हुए धरने पर बैठ गए। बाद में उत्तराखंड की स्थानीय आयुक्त ईलागिरी वहां पर पहुंची और आंदोलनकारियों से ज्ञापन लिया।
आंदोलनकारियों ने स्थानीय आयुक्त को स्पष्ट तौर पर कहा की उत्तराखंड की धरती को बचाना वहां की अस्मिता को बचाना है। इसलिए तमाम राजनीतिक दलों को उत्तराखंड में जल्द स्थाई भूमि बंदोबस्त पर काम करना चाहिए। जिससे कि यहां की जमीनों की लूट रुक सके। उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से इस मामले में तत्काल पहल करने की मांग की। अनिल पंत और प्रेमा धोनी ने कहा कमेटियां बनाने की कोई आवश्यकता नहीं है हमें भू कानून चाहिए।
इस मौके पर धीरेंद्र प्रताप ने उत्तराखंड राज्य में तत्काल सख्त भू कानून लागू किए जाने की वकालत करते हुए कहा कि जिस तरह से भारतीय जनता पार्टी की सत्तारूढ़ सरकार ने उत्तराखंड में जमीनों की खुली बिक्री की छूट दे दी है, उससे सारे देश के भू माफिया उत्तराखंड की तरफ मुड़ गए हैं। एक दिन ऐसी आने की स्थिति हो जाएगी, जिस दिन की वहां के मूलनिवासी बेघर हो जाएंगे। उन्हें दूसरे प्रांतों से आए लोगों की खेती और नौकरी करनी होगी।
धीरेंद्र प्रताप ने कहा कि आज जरूरत इस बात की है कि हिमाचल प्रदेश की तर्ज पर उत्तराखंड में सख्त कानून लागू होना चाहिए। इससे यहां की जमीन यहां के जमीदारों और गरीब किसानों के हितों की रक्षा की जा सके। इस मौके पर प्रताप थलवाल, सरिता काठैत, आशा कुमारी, आशुतोष दुबे, सत्येंद्र रावत, बीना नयाल, पदम सिंह बिष्ट, अतुल भट्ट समेत अनेक प्रवासी उत्तराखंडी मौजूद थे ।
स्वर्गीय इंद्रमणि बडोनी को विनम्र श्रद्धांजलि
उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलन के शिखर नेता उत्तराखंड के गांधी के नाम से प्रसिद्ध स्वर्गीय इंद्रमणि बडोनी की पुण्य तिथि पर उत्तराखंड कांग्रेस उपाध्यक्ष धीरेंद्र प्रताप ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि स्व. बडोनी सच्चे गांधीवादी थे। उनका अहिंसा और इमानदारी व मूल्यों पर पर आधारित राजनीतिक जीवन में बड़ा विश्वास था। वे सादगी के प्रतीक थे। वे सदैव हमारी स्मृतियों में बने रहेंगे।