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September 30, 2026

देहरादून में सरकारी भूमि पर दरगाह पर पूर्व सांसद तरुण विजय ने उठाए सवाल, बोले-उत्तराखंड में इस्लामीकरण को बढ़ावा

अभी ज्ञानवासी मस्जिद, कुतुबमीनार सहित अन्य कई विवाद कुछ ठंडे पड़े ही थे कि पूर्व राज्यसभा सांसद एवं उत्तराखंड में बीजेपी नेता तरुण विजय ने एक नए विवाद को जन्म दे दिया।

अभी ज्ञानवासी मस्जिद, कुतुबमीनार सहित अन्य कई विवाद कुछ ठंडे पड़े ही थे कि पूर्व राज्यसभा सांसद एवं उत्तराखंड में बीजेपी नेता तरुण विजय ने एक नए विवाद को जन्म दे दिया। उन्होंने देहरादून में परेड मैदान के निकट भारतीय वन अनुसंधान केंद्र के कान्वेंट रोड स्थित रेंजर्स कालेज के पुराने परिसर में बनी दरगाह पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि रेंजर्स कालेज के भीतर दरगाह बना दी गई है। सभी नियमों को ताक पर रख कर अलग से प्रवेश दिया गया है। वन विभाग के संरक्षण में इस्लामीकरण को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने प्रश्न भी किया कि क्या करें। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

सरकार पर सवाल उठाने के बाद तरुण विजय ने बाद में एक और ट्वीट किया कि सभी इस विषय को लेकर गंभीर हैं। राज्य सरकार इस तरह की अवैध गतिविधियों का संज्ञान ले रही है। हमें हमारे लोकतांत्रिक संवैधानिक शासन पर पूरा विश्वास है। हम मजबूती से अपने नेता पुष्कर सिंह धामी के साथ खड़े हैं। वह हम में से एक हैं और हमें उन पर विश्वास है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

 

उन्होंने रेंजर्स कालेज में बनी दरगाह की तस्वीरों को भी ट्विटर पर साझा करते हुए इस पर सवाल उठाए। उन्होंने एक और ट्वीट में देहरादून के प्रभागीय वनाधिकारी के हवाले से बताया कि वन विभाग का इस दरगाह से कोई लेना देना नहीं है और यह वन अनुसंधान संस्थान के अंतर्गत है। यही नहीं तरुण विजय ने इसके बाद दून अस्पताल स्थित दरगाह का जिक्र किया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

तरूण विजय ने कहा कि कब्र पूजा, हिंदू धर्म में पाप और इस्लाम धर्म के भी विरुद्ध है। उन्होंने फिर सवाल दागा कि जो दोनों धर्मों में प्रतिबंधित है, उसे अनुमति क्यों दी जा रही है। इस संबंध में देहरादून के प्रभागीय वनाधिकारी नितीशमणि त्रिपाठी ने कहा कि यह दरगाह वन विभाग के अंतर्गत नहीं आती है।

Bhanu Bangwal

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भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।