पूर्व सीएम हरीश रावत पहुंचे दून अस्पताल, कोरोना वारियर्स के साथ बैठे धरने पर, सीएम और स्वास्थ्य मंत्री से की बात
कोरोनाकाल के दौरान अस्पतालों में स्वास्थ्य कर्मियों की बड़ी संख्या में अस्थायी भर्ती की गई थी। अब कोरोना थमा तो उन्हें 31 मार्च के बाद से सेवा से हटा दिया। ऐसे स्वास्थ्यकर्मी पूरे देशभर में धरना दे रहे हैं।
कोरोनाकाल के दौरान अस्पतालों में स्वास्थ्य कर्मियों की बड़ी संख्या में अस्थायी भर्ती की गई थी। अब कोरोना थमा तो उन्हें 31 मार्च के बाद से सेवा से हटा दिया। ऐसे स्वास्थ्यकर्मी पूरे देशभर में धरना दे रहे हैं। नियमितिकरण की मांग को लेकर देहरादून स्थित दून अस्पताल में भी कोरोना वारियर्स का धरना चल रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता आज दून अस्पताल पहुंचे और उन्होंने कोरोना वारियर्स के धरने को समर्थन दिया। वह खुद भी धरने पर बैठे।इस दौरान उन्होंने कहा कि हम सब आपके साथ हैं। कोरोना महामारी के दौरान आपकी ओर से दिये गये बहुमूल्य योगदान को भले ही सरकार भूल गई, मगर हम नही भूलेंगे और न ही सरकार को भूलने देंगे। उन्होंने कहा कि कोरोना के समय आपने अपनो से दूर रहकर जो बलिदान देकर मानव जीवन को बचाया है, खुद अपने स्वास्थ्य से ग्रस्त होकर भी सभी कोरोना पीड़तों का खुद से बढ़कर ख्याल रखा है।आज जब हम सभी कोरोना महामारी से दूर हो रहे हैं, वही सरकार आपके उत्कृष्ट कार्य को भूल कर आपका नियमतिकरण नही कर रही है। ये सरकार की विफलता है।
उन्होने मुख्यमंत्री श्री धामी, स्वास्थ्य मंत्री व स्वास्थ्य सचिव से फोन पर बात कर कोरोना वारियर्स को नियमतिकरण करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि अपना जीवन संकट में डाल कर जिन्होंने जनता की सेवा की है, हमें उनकी सेवाओं को नही भूलना चाहिए।

Bhanu Prakash
लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
भानु बंगवाल
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।






