इंटरनेशनल राइस रिसर्च इंस्टीट्यूट फिलीपींस के ग्लोबल रिसर्च डायरेक्टर डॉ अजय कोहली ग्राफिक एरा में छात्रों से हुए रूबरू, दिया ये ज्ञान
देहरादून स्थित ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी में आज इंटरनेशनल राइस रिसर्च इंस्टीट्यूट फिलीपींस के ग्लोबल रिसर्च डायरेक्टर डॉ अजय कोहली शिक्षकों और छात्रों के साथ रूबरू हुए। रिस्ट्रक्चरिंग ऑफ रिसर्च एंड इंपैक्ट विषय पर व्याख्यान देते हुए उन्होंने कहा कि शोध का मकसद लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना होना चाहिए। अगर यह जीवन की दुश्वारियां को दूर नहीं कर सकता तो शोध व्यर्थ है।
डॉ कोहली ने आईआरआरआई में चावल पर हुए शोधों से कृषि जगत में हुए क्रांतिकारी परिवर्तनों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शौधो के वक्त ना केवल खाद्यान्न मांग की, बल्कि उनमें उचित मात्रा में पोषण, क्लाइमेट चेंज आदि का भी ध्यान रखा गया। सर्कुलर रिसर्च मॉडल को समझाते हुए कहा कि किस तरीके से डिमांड, डिस्कवरी, डेवलपमेंट, डिसेमिनेशन और डिस्टिंक्शन जैसे एलिमेंट को अपने शोध में शामिल करके अपने शोध को व्यावहारिक और सफल बनाया जा सकता है।
कार्यक्रम में ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रोफेसर डॉ जे कुमार, रजिस्ट्रार हिमांशु धूलिया, ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी और ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी के शिक्षक, छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन अंशु शर्मा ने किया।




