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July 18, 2026

बारिश से आफतः हिमाचल प्रदेश में बादल फटा, मची तबाही, उत्तराखंड में 135 से ज्यादा सड़कें बंद

अब मानसून की बारिश आफत मचाने लगी है। हिमालय प्रदेश के कुल्लू जिले में बादल फटने से भारी तबाही की सूचना है। वहीं, उत्तराखंड में बारिश से भूस्खलन की घटनाएं बढ़ी हैं। कई घरों में मलबा घुस गया। उत्तरकाशी और टिहरी जिले में कई वाहन भी मलबे में दब गए।

अब मानसून की बारिश आफत मचाने लगी है। हिमालय प्रदेश के कुल्लू जिले में बादल फटने से भारी तबाही की सूचना है। वहीं, उत्तराखंड में बारिश से भूस्खलन की घटनाएं बढ़ी हैं। कई घरों में मलबा घुस गया। उत्तरकाशी और टिहरी जिले में कई वाहन भी मलबे में दब गए। साथ ही नदी नाले उफान पर हैं। उत्तराखंड में मौसम विभाग के मुताबिक, अभी एक सप्ताह तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। ऐसे में आज के दिन ओरेंज अलर्ट है। वहीं, कल से यलो अलर्ट की चेतावनी दी गई है।
हिमाचल में कई घर क्षतिग्रस्त
हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश कहर बरपा रही है। कुल्लू जिले की मणिकर्ण घाटी के चोज गांव में सुबह के समय नाले में बादल फट गया। बादल फटने के चलते कुछ घर भी इसकी चपेट में आ गए हैं। इसके अलावा गांव की ओर जाने वाला पुल भी क्षतिग्रस्त हो गया है। वहीं ग्रामीणों ने इस बारे कुल्लू प्रशासन को भी सूचित कर दिया है। सूचना मिलते ही पुलिस व प्रशासन की टीम भी मौके की ओर रवाना हो गई है। अधिकारियों ने बताया कि जिले में छह लोग लापता हैं। वहीं, शिमला में ढल्ली सुरंग के पास हुए भूस्खलन में एक महिला की मौत हो गई, जबकि एक पुरुष और एक महिला सहित दो अन्य घायल हो गए।
मिली जानकारी के अनुसार कुल्लू में रात से ही बारिश हो रही थी। ऐसे में बुधवार की सुबह के समय चोज नाले में बादल फट गया। बादल फटने के कारण नाले के साथ लगते घरों को भी खासा नुकसान हुआ है। वहीं बताया जा रहा है कि इसमें कुछ लोग भी बह गए हैं। गांव की ओर जाने वाला एकमात्र पुल भी इसकी चपेट में आ गया है। इससे अब रेस्क्यू करने में भी प्रशासन को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। एसपी गुरुदेव शर्मा ने बताया कि नाले में बादल फटने की सूचना मिली है और अब पुलिस व प्रशासन की टीम मौके की ओर रवाना कर दी गई है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया है कि बरसात के मौसम को ध्यान में रखते हुए वे नदी व नालों के किनारे ना जाए।
उत्तराखंड में आफत की बारिश
उत्तराखंड में बदरीनाथ, केदारनाथ, यमुनोत्री हाईवे सहित कई सड़कों पर मलबा आने से बाधित हो गई। 135 से ज्यादा सड़कें मलबे के कारण बंद हैं। मुख्य मार्गों को बार बार खोला जा रहा है। उत्तरकाशी में कई घरों में मलबा घुस गया। नौगांव के समीप गदेरा उफान पर आ गया। इससे सोली की निकट एक एक्विवा नगर पंचायत सौली का शौचालय, पेयजल लाइन आदि मलबे से दब गए। मलबे में एक पिकअप वाहन भी दब गया। टिहरी में डोबरा चांटी पुल के पास कई वाहन मलबे में दब गए। साथ ही कई स्थानों पर खेत भी तबाह हो गए।

आज के मौसम का हाल
बुधवार को भी उत्तराखंड के अधिकांश हिस्सों में बारिश हो रही है। राज्य मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, आज छह जुलाई को राज्य के जिलों में अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश गर्जन के साथ हो सकती है। आज के लिए ओरेंज अलर्ट भी जारी किया गया है। देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल, चंपावत जिले में कुछ स्थानों पर भारी बारिश और कहीं कहीं बहुत भारी से भारी बारिश की संभावन है। रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिले में भी कहीं कहीं भारी बारिश हो सकती है।
आगामी मौसम का हाल
सात जुलाई से लेकर 10 जुलाई तक उत्तराखंड के जिलों में अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश गर्जन के साथ हो सकती है। सात जुलाई से लेकर 10 जुलाई तक कुमाऊं मंडल के पर्वतीय जिलों के साथ ही उससे लगे गढ़वाल मंडल के जिलों में कहीं कहीं भारी बारिश हो सकती है। ऐसे में आठ और नौ जुलाई को बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है। करीब एक सप्ताह तक राज्यभर में बारिश का अनुमान है।
तामपान की स्थिति
यदि हम देहरादून के तापमान की बात करें तो बुधवार छह जुलाई की सुबह 11 बजे तक देहरादून में 29 डिग्री सेल्सियस के करीब तापमान था। इसके अधिकतम 32 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री तक रहने की संभावना है। इसके बाद भी एक सप्ताह तक तापमान में हल्की कमी दर्ज की जाएगी। इस दौरान बीच बीच किसी किसी दिन में दो से चार डिग्री तक तापमान के नीचे पहुंचने की संभावना है।