माँ माँ और माँ का प्यार निराला है,उसने ही मुझे सम्भाला है।मैं मम्मी के बिना नहीं,और मम्मी मेरे बिना नहीं...
युवमंच
ये आई मैं किस दुनिया में ऊंचे मध्य हिमालय की इन ,गहन घाटियों की गोदी में ।ओढ़ ओढ़नी हरियाली की,सहज...
संविधान की रग-रग में 26/11 का खून बहता दिखता है,राष्ट्र की संप्रभुता और एकता पर प्रश्नचिन्ह लगता दिखता है,सहज में...
फिर उसने जिंदगी से अलविदा कह दिया होगा फ़ुर्सत के पलों मे बैठकर सोंचती हूँक्यों कोई अपनी जिंदगी से रुख्सत...
सड़क किनारे जिंदगी मूक देखती रह जाएगी खून से सने हाथों से गिरेबाँ पकड़ी जाएगी,सामंती तलवारें नन्हें हाथों में लहराएंगी,गठजोड़ों...
ये दौलत भी ले लो, ये शोहरत भी ले लो,भले छीन लो मुझसे मेरी जवानी,मगर मुझको लौटा दो बचपन का...
फूलों का मुकुटा सजा, फूलों के हैं हार ।फूलों की है ओढनी, फूलों से मनुहार ।फूल के जैसी प्रीत मेरी...
पापामैं जानती हूं तुम भूखे होफिर क्यों तुम खुद को भूखे नहीं बताते होतपती धूप में पसीने से नहाकरक्यों तुम...
विषय -मंजिल डरते क्यों हो तुम उलझनों सेतुम राह पर चलना तो सीखोदूर नहीं अब कहीं मंजिलतुम ये सोचकर तो...
मध्य हिमालै ? ऊंचा हिवांळों ह्यूं की चादर,रूमझुम बरखा मध्य हिमालै ।धारूं - धारूं बादळ माळा ,ठंडु बथौऊं मध्य हिमालै...
