कैंसर से बचाव को आरएचटीसी में जागरूकता एवं प्रशिक्षण सत्र आयोजित
ग्रामीण क्षेत्रों में कैंसर की समय पर पहचान एवं रोकथाम को सशक्त बनाने के उद्देश्य से ग्रामीण स्वास्थ्य प्रशिक्षण केंद्र (आरएचटीसी) गढ़ी श्यामपुर, ऋषिकेश में प्रशिक्षण सह जागरूकता सत्र का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एचआईएमएस), स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय के सामुदायिक चिकित्सा विभाग की ओर से डॉ. जयंती सेमवाल के दिशा-निर्देशन में संपन्न हुआ। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कार्यक्रम में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने आम कैंसरों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की। डॉ. शैली व्यास ने स्तन कैंसर के जोखिम कारकों, प्रारंभिक लक्षणों, स्व-स्तन परीक्षण तथा 40 वर्ष के बाद मैमोग्राफी की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। आरएचटीसी प्रभारी डॉ. अभय श्रीवास्तव ने तंबाकू एवं शराब सेवन से होने वाले मुख कैंसर के दुष्परिणामों तथा शीघ्र जांच के महत्व को बताया। वहीं डॉ. नेहा शर्मा ने गर्भाशय ग्रीवा कैंसर की रोकथाम में एचपीवी वैक्सीन, नियमित स्क्रीनिंग एवं पैप स्मीयर जांच की भूमिका को रेखांकित किया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
सत्र में आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, आशा फैसिलिटेटर, ग्राम प्रधान एवं मेडिकल इंटर्न्स सहित 50 से अधिक प्रतिभागियों ने सक्रिय सहभागिता की। अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम के सफल संचालन में गढ़ी मयचक के प्रधान आशीष रांगड़, खैरी कलं की प्रधान शबनम मल्होत्रा, डॉ. राजेंद्र राणा, रीता भट्ट, आराधना, प्रदीप सकलानी, संजीत एवं हरि ओम का विशेष सहयोग रहा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
इसी क्रम में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) डोईवाला में डॉ. सुरभि मिश्रा द्वारा तथा हिम्स जौलीग्रांट के शहरी स्वास्थ्य प्रशिक्षण केंद्र (यूएचटीसी), कुड़कावाला में डॉ. अवनी एवं डॉ. आंचल द्वारा कैंसर जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया। इनमें प्रतिभागियों को कैंसर से बचाव एवं समय पर जांच के प्रति जागरूक किया गया।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो। यदि आप अपनी पसंद की खबर शेयर करोगे तो ज्यादा लोगों तक पहुंचेगी। बस इतना ख्याल रखिए।

Bhanu Bangwal
लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।



