निजी अस्पताल सीधे नहीं खरीद पाएंगे कोरोना की वैक्सीन, खरीद का फार्मूला तय, केंद्र ने जारी की एसओपी
अब निजी अस्पताल कोरोना की वैक्सीन सीधे नहीं खरीद पाएंगे। केंद्र सरकार ने निजी अस्पतालों के लिए वैक्सीन खरीदने को लेकर गाइडलाइन जारी कर दी।
अब निजी अस्पताल कोरोना की वैक्सीन सीधे नहीं खरीद पाएंगे। केंद्र सरकार ने निजी अस्पतालों के लिए वैक्सीन खरीदने को लेकर गाइडलाइन जारी कर दी। सबसे अहम बात ये है कि निजी अस्पतालों की क्षमता के मुताबिक हर माह वैक्सीन खरीदने की सीमा भी तय कर दी है। नई व्यवस्था एक जुलाई से लागू होगी। अभी तय शिकायतें आ रही थी कि सरकारी टीकाकरण केंद्र में वैक्सीन नहीं हैं और इसके उलट निजी अस्पतालों में वैक्सीन की कोई कमी नहीं है। ऐसे में लोगों को कीमत देकर निजी अस्पतालों में टीका लगाने को मजबूर होना पड़ रहा था।ये है फार्मूला
अब वैक्सीन के आवंटन का फॉर्मूला जारी करते हुए केंद्र ने आदेश जारी किया है। इस फार्मूले के अनुसार अस्पताल ने एक हफ्ते में जितना टीकाकरण किया है, उससे उसका रोजाना का औसत निकालकर उसको टीके का आवंटन किया जाएगा। जितनी संख्या आएगी उससे अधिकतम दुगना टीके ही प्राइवेट अस्पताल खरीद सकते हैं। पहले ऐसी व्यवस्था नहीं थी। जो पहली बार अस्पताल टीके के अभियान में शामिल हो रहे हैं, उन्हें अस्पताल में मौजूद बिस्तर के आधार पर टीके का आवंटन होगा। सरकार अब प्राइवेट अस्पतालों को उनकी क्षमता के अनुरुप टीका देगी।
जून में में तेज हुई टीकाकरण की रफ्तार
जून महीने में टीकाकरण की रफ्तार में तेजी देखी गई। एक जून से 27 जून तक देश में करीब 10.8 करोड़ खुराकें लोगों को दी गईं। औसतन एक दिन में करीब 40 लाख खुराकें लगीं। हालांकि सरकार प्रतिदिन एक करोड़ लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य साध कर चल रही है।




