वरिष्ठ नागरिक ने सीएम शिकायत पोर्टल में उठाए सवाल, दिया ये उदाहरण
किसी भी समस्या के निदान के लिए उत्तराखंड में सीएम शिकायत पोर्टल बनाया हुआ है। इसमें शिकायत लोग इस मंशा से करते हैं कि समस्या का निस्तारण हो जाएगा। वहीं, एक वरिष्ठ नागरिक जगमोहन मेंदीरत्ता ने इस पोर्टल को लेकर ही सवाल उठा दिए। देहरादून में ओंकार रोड निवासी एवं बैंक कर्मचारी यूनियन के प्रदेश के पूर्व पदाधिकारी जगमोहन भी कई बार समस्याओं के समाधान के लिए इस पोर्टल का सहारा लेते हैं। अब उन्होंने भी इसे लेकर कड़ुवे अनुभव से सरकार को आइना दिखाने का प्रयास किया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को लिखे पत्र में उन्होंने कहा कि राज्य में मुख्यमंत्री पोर्टल के माध्यम से शिकायतकर्ताओ से सीधा संवाद कर आम जनता में विश्वास जगा था कि उनकी शिकायतो पर जल्द कार्यवाही होगी। वास्तविकता इसके विपरीत है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पोटेल पर उन्होंने ओंकार रोड में सड़क के एक बिजली पोल की समस्या का उल्लेख किया था। इस पोल के कारण सड़क पर रोज जाम लगता है। इससे बुजुर्ग लोगो व अन्य लोगो को कठिनाई का सामना करना पड़ता है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
उन्होंने कहा कि इस समस्या की शिकायत सीएम पोर्टल पर दो नवंबर को कि गयी थी। इस पर उन्हें सूचित किया गया कि आपकी शिकायत अन्य शाखा को भेज दी गई। उसे अब संबंधित शाखा में भेजा जा रहा है। अब तक उसपर कोई कार्यवाही नही हुई। तब वह स्वयं परेड ग्राउंड के कार्यलय में गया क्योंकि ये रोड इसी कार्यलय के छेत्र में आती है ऊर्जा निगम के संबंधित एसडीओ से मिले, तो उन्हीने बताया कि उन्हें ऐसी कोई शिकायत प्राप्त नही हुई है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
उन्होंने बताया कि जब मैने उन्हें इस शिकायत को बताया, तो उनका कहना था कि नियम के अनुसार अगर किसी को शिकायत है और पोल को अन्यत्र स्थान्तरित करना हैं, तो उसके लिए आपको पैसे जमा कराने पड़ेगे। ये राशि भी हजारों रुपये में होगी। तब उन्होंने बताया कि ये केवल मेरा मामला नही है, हजारों लोगो के हित का मामला है। इस पर एसडीओ ने उन्हें सुझाव दिया कि आप विधायक निधि से पैसे दिलवा दीजिए। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
जगमोहन जगमोहन मेंदीरत्ता ने बताया कि उन्होंने एसडीओ से निवेदन किया कि ये तो जनहित का मामला है। आपका विभाग किसलिए है। तब उन्होंने सुझाव दिया कि इस मामले में अधिशासी अभियंता से मिलें। ऐसे में उन्होंने मुख्यमंत्री से गुहार लगाई कि किसी बड़े अधिकारी को नियुक्त कर पोर्टल की शिकायतो का निवारण करने की दिशा में आवश्यक कदम उठाया जाए।
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Bhanu Bangwal
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भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।




