Loksaakshya Social

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

January 16, 2026

डॉ. सुभाष रुपेला

नारी है परी-जैसी, स्त्री प्रेम की धारा है। सेहरा-से जीवन में, नारी ही सहारा है।। आलम में अँधेरा है, भटकाव...

अपनी हिन्दी का सदा सम्मान होना चाहिए। देश की ये अस्मिता है, ध्यान होना चाहिए।। भूल निज भाषा जहाँ में...

आसान नहीं दुल्हे राजा होना कितना मुश्किल है किसी का आज शौहर होना।शिक्षा दौलत नियमित आय बराबर होना।। शादी को...

बागवाँ आया नया, गुलशन खिलाने के लिए।चाँद आया दूसरा, घर जगमगाने के लिए।। रात है तो क्या हुआ, डरता अँधेरे...

कड़वा टीचर सही है मैं हूँ टीचर, मेरी चिल्लाहट नहीं जाती।ग़लत हरकत कहीं भी देख, गुर्राहट नहीं जाती।। कहीं बनियाँ...

क्यों इस तरह छड़े पे तमाचा जमा दिया।देकर पुलिस की धमकी उसे है डरा दिया।। आराम करने देते छड़े को...