Recent Posts

Loksaakshya Social

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

Recent Posts

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

January 28, 2026

राजधानी देहरादून में फिर से अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे राज्य आंदोलनकारी

उत्तराखंड के राज्यआंदोलनकारीयों के 10 फीसद क्षैतिज आरक्षण बहाली और चिह्नीकरण फिर से शुरू करने को लेकर राज्य आंदोलनकारियों ने राजधानी देहरादून स्थित शहीद स्मारक स्थल पर धरना शुरू कर दिया है। पूर्व घोषित कार्यक्रम के अनुसार संयुक्त आंदोलनकारी मंच के तत्वावधान में राज्य आंदोलनकारियों के लिये राज्याधीन सेवाओं में 10 फीसद क्षैतिज आरक्षण की बहाली और चिह्नीकरण की प्रक्रिया दोबारा शुरू करने की माँग की गई है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

इस मौके पर मंच के संयोजक क्रान्ति कुकरेती ने कहा कि स्वयं मुख्यमंत्री ने अपने घोषणा की थी कि हमने गैरसैंण कैबिनेट में राज्य आंदोलनकारियों के लिये 10 फीसद क्षैतिज आरक्षण बहाली का रास्ता साफ कर दिया। उसके बाद तीन माह गुजर जाने के बाद आज तक विभिन्न प्रतियोगिताओं में सफल घोषित हुए अभ्यर्थियों की नियुक्ति क्यों नहीं की गई। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)

उन्होंने कहा कि क्या नौकरशाही, सरकार को गुमराह कर रही है या सरकार में इच्छा शक्ति का अभाव है। अब कारण जो भी हो, लेकिन अब आंदोलनकारी अपनी दोनों माँगो के पूरी होने तक इस आंदोलन जारी रखेंगे। धरने पर बैठने वालों में सह संयोजक अम्बुज शर्मा, प्रदेश प्रवक्ता प्रदीप कुकरेती, संगीता रावत, विनोद असवाल, देवेश्वरी रावत, पूनम कंडारी, सूर्यकांत बमराड़ा, रामकिशन, विकास बिष्ट, प्रवीण पुरोहित, आशीष रावत, प्रभात डंडरियाल, कुंवर सिंह नेगी, उपेंद्र प्रसाद सेमवाल, रमेश सिंह, एकादशी, बीएस कंडारी, पुष्पा बहुगुणा, विमल जुयाल, हरि प्रकाश शर्मा, सुरेश नेगी, वीर सिंह आदि शामिल रहे।
नोटः सच का साथ देने में हमारा साथी बनिए। यदि आप लोकसाक्ष्य की खबरों को नियमित रूप से पढ़ना चाहते हैं तो नीचे दिए गए आप्शन से हमारे फेसबुक पेज या व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ सकते हैं, बस आपको एक क्लिक करना है। यदि खबर अच्छी लगे तो आप फेसबुक या व्हाट्सएप में शेयर भी कर सकते हो।

Bhanu Prakash

लोकसाक्ष्य पोर्टल पाठकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। इसमें लेख, रचनाएं आमंत्रित हैं। शर्त है कि आपकी भेजी सामग्री पहले किसी सोशल मीडिया में न लगी हो। आप विज्ञापन व अन्य आर्थिक सहयोग भी कर सकते हैं।
भानु बंगवाल
मेल आईडी-bhanubangwal@gmail.com
भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed