उत्तराखंड के नौ जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट, स्कूलों में छुट्टी, बिजली गुल, निर्माणाधीन पुल ध्वस्त, नौ दबे
उत्तराखंड में बारिस का दौर जारी है। देहरादून सहित आसपास के इलाकों में मंगलवार को सुबह से लेकर शाम तक रुक रुक कर तेज बारिश होती रही। इसके बाद रात से बुधवार की सुबह तक बारिश का सिलसिला जारी रहा। देहरादून के कई इलाकों में बिजली गुल हो है। ऐसे में लोगों के इनवर्टर भी बंद हो गए। राज्य मौसम विज्ञान केंद्र ने आज यानि कि 20 जुलाई के लिए राज्य के नौ जिलों देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल, चंपावत, उधमसिंह नगर, बागेश्वर, पिथौरागढ़ और हरिद्वार जिले में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी और कहीं कहीं अत्यंत बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। शेष जिलों के लिए ओरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इस दौरान पहाड़ों में भूस्खलन और निचले क्षेत्रों में नदी-नालों के उफान पर आने को लेकर चेतावनी जारी की गई है। ऐसे में इन नौ जिलों में जिला प्रशासन की ओर से एक से 12वीं तक के स्कूलों की छुट्टी घोषित कर दी गई है। हांलाकि, हरिद्वार जिले में आज से लेकर 26 जुलाई तक कांवड़ मेले के चलते सभी शिक्षण संस्थानों में छुट्टी कर दी गई है। इसमें सरकारी, गैर सरकारी, अर्द्ध सरकारी और निजी शिक्षण संस्थाएं शामिल हैं। आदेश आंगनबाड़ी केंद्रों पर भी लागू होगा। महाविद्यालय और हम विश्वविद्यालय भी इस आदेश की परिधि में आएंगे। साथ ही आपदा प्रबंधन और अन्य विभागों को अलर्ट मोड पर रखा गया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
पुल की सैटरिंग का सामान गिरा, नौ मजदूर दबे, छह को निकाला
रुद्रप्रयाग जिले में बदरीनाथ हाईवे पर रुद्रप्रयाग से श्रीनगर की ओर नरकोटा के पास निर्माणाधीन पुल के कार्य के दौरान मलबा व सैटरिंग का सामान गिर गया। इसमें नौ मजदूर दब गए। इनमें से छह मजदूरों को मलबे से निकाल लिया गया है। घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अभी तीन लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका है। आपदा, पुलिस और प्रशासन की रेस्क्यू टीम राहत बचाव कार्य मे लगी है। एसडीआरएफ की टीम अभी घटनास्थल पर ही है। घटना बुधवार सुबह नौ बजे की बताई जा रही है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
देहरादून के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति रात के ढाई बजे से ठप
देहरादून में आर्यनगर, डीएल रोड सहित कई इलाकों की बिजली आपूर्ति रात करीब ढाई बजे से ठप है। बताया जा रहा है कि रात को तेज बारिश के दौरान रिस्पना नदी में बिजली का पोल क्षतिग्रस्त हो गया था। ऐसे में सुरक्षा की दृष्टि से बिजली बंद कर दी गई। क्षेत्र के अधिशासी अभियंता सूर्यदर्शन ने बताया कि मरम्मत का कार्य जारी है। प्रयास है कि बिजली की आपूर्ति जल्द सुचारु कर दी जाए। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
नदी-नाले आ सकते उफान पर
मौसम विभाग के मुताबिक, अन्य जिलों में भी गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। इस दौरान संवेदनशील क्षेत्रों में भूस्खलन और चट्टान खिसकने की आशंका है। साथ ही नदी-नालों के अचानक उफान पर आने और जलस्तर में अत्यधिक वृद्धि हो सकती है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
सतर्क रहने की दी सलाह
राज्य मौसम विज्ञान केंद्र ने भारी बारिश को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी है। इसी क्रम में शासन ने सभी जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन, राज्य आपदा मोचन बल, लोक निर्माण विभाग, सिंचाई विभाग और पुलिस को अलर्ट मोड पर रखा है। नदी, नालों के समीप रहने वालों के साथ ही बस्तियों के लोगों को सावधान रहने की सलाह दी गई है। कहा गया कि ज्यादा बारिश के दौरान वे सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं। साथ ही बारिश के दौरान पर्वतीय क्षेत्र में सफर ना करने की सलाह दी गई है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
आगामी मौसम का पूर्वानुमान
राज्य मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, बारिश का क्रम आगे भी जारी रह सकता है। अनुमान है कि देहरादून में आगामी एक सप्ताह तक बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। 21 जुलाई से लेकर 23 जुलाई तक राज्य के जिलों में कहीं कहीं तेज बौछार के साथ बारिश हो सकती है। अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश गर्जन के साथ हो सकती है। ऐसे में इन दिनों भी उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, नैनीताल, पिथौरागढ़ जिले में कहीं कहीं बहुत भारी बारिश का ओरेंज अलर्ट जारी किया गया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
तापमान की स्थिति
यदि हम देहरादून के तापमान की बात करें तो 20 जुलाई की सुबह साढ़े छह बजे तक तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के करीब था। इसके अधिकतम 28 डिग्री और न्यूनतम 24 डिग्री रहने की संभावना है। 21 जुलाई को अधिकतम तापमान में दो डिग्री की गिरावट आ सकती है। इसके बाद 27 जुलाई तक किसी दिन अधिकतम तापमान 27 से 29 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है।




