सतपुली के न्यार घाटी महोत्सव में भी गूंजी अंकिता भंडारी को न्याय की गूंज, कांग्रेस नेता धस्माना ने पलायन को लेकर सरकार को घेरा
पौड़ी जिले में चौबट्टाखाल विधानसभा के सतपुली में आयोजित हो रहे दसवें नायर घाटी महोत्सव के अवसर पर भी अंकिता भंडारी को न्याय देने की गूंज रही। इस मौके पर मुख्य अतिथि एवं प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना लोगों का अभिवादन स्वीकार किया। जब वह संबोधन के लिए मंच पर पहुंचे तो सतपुली के वयोवृद्ध सामाजिक कार्यकर्ता उमेद सिंह ने धस्माना का हाथ थाम कर उनके कान में कुछ कहा। इस पर उन्होंने सहमति में सर हिलाया। इस दौरान संबोधन में धस्माना ने उमेद सिंह का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने मुझसे अंकिता भंडारी प्रकरण पर बोलने के लिए आदेश दिया है। इसलिए आज के दिन का पूरा आयोजन अंकिता भंडारी को ही समर्पित रहेगा। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
संबोधन के बाद अंकिता को न्याय देने की मांग को लेकर दो मिनट का मौन रख कर अंकिता को श्रद्धांजलि दी गई। धस्माना ने कहा कि अंकिता भंडारी प्रकरण में पहले दिन से ही सरकार भी और भाजपा भी अंकिता की हत्या के पीछे की असली वजह वीआईपी की पहचान छुपाने में लगी है। आज जब इस पर्दे से राज उठ चुका है, तब भी प्रदेश व केंद्र सरकार के साथ ही पूरी भाजपा असलियत को छुपाने में लगी है। साथ ही इस प्रकरण की जांच सीबीआई से कराए जाने से साफ इंकार कर रहे हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कांग्रेस नेता धस्माना ने कहा कि आज पूरे प्रदेश की जनता सीबीआई जांच की मांग को लेकर सड़कों पर हैं। हमने भी संकल्प ले लिया है कि अंकिता भंडारी प्रकरण में संलिप्त हर दोषी को सजा दिलवा कर रहेंगे। धस्माना ने प्रदेश गठन के 25 वर्षों की राज्य की यात्रा का जिक्र भी किया। उन्होंने कहा कि हमने जैसे राज्य का सपना देखा था, आज वैसा राज्य यहां के राजनेता और सरकारें बना नहीं पाई। उन्होंने कहा कि पहाड़ों की दशा खराब है और स्वास्थ्य शिक्षा व रोजगार के अभाव में पहाड़ लगातार खाली हो गए। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
उन्होंने कहा कि आज इस दुर्दशा के लिए सबसे बड़े दोषी यहां के जन प्रतिनिधि हैं। दूसरे नंबर पर वे लोग हैं, जो लगातार निकम्मे और नक्कारा लोगों को जीता कर विधानसभा और संसद भेज रहे हैं। धस्माना ने कहा कि अब यहां की मातृ शक्ति व युवा शक्ति को उठ कर कमान अपने हाथों में लेनी चाहिए। साथ ही परिवर्तन कर राज्य हित में कार्य करने वाले नेताओं को आगे लाना चाहिए। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कार्यक्रम के संयोजक नगर पंचायत के अध्यक्ष जितेंद्र चौहान ने कहा कि सतपुली नगर पंचायत सूर्यकांत धस्माना जी की ही देन है। इसे सतपुली के लोग कभी भूल नहीं सकते। जब 2013 में धस्माना ने नयार घाटी महोत्सव के मंच से ही तत्कालीन मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा को फोन किया और नगर पंचायत गठन की घोषणा करवा दी थी। चौहान में अपने एक वर्ष के कार्यकाल में नगर के लिए करवाए गए कार्यों के बारे में भी प्रकाश डाला। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
महोत्सव में दो दर्जन से अधिक महिला मंगल दलों ने कीर्तन, लोक गीत व चौंफला प्रस्तुत किए। इस अवसर पर कार्यक्रम के संस्थापक संयोजक जगदम्बा डंगवाल, कार्यक्रम अध्यक्ष भगवान सिंह नेगी, प्रताप सिंह राणा, राजेंद्र प्रसाद नैथानी, देव किशोर नेगी, त्रिलोक सिंह नेगी, विकास रावत, स्वरूप धस्माना, आनंद सिंह पुंडीर आदि उपस्थित रहे।
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Bhanu Bangwal
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भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।



