अमेरिका का दावाः ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामनेई की मौत, कई मीडिया ने की पुष्टि
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामनेई की मौत का सनसनीखेज दावा किया है। ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ पर एक पोस्ट में कहा कि खामनेई, जिसे उन्होंने “इतिहास का सबसे क्रूर इंसान” बताया, मारा गया है। उनके अनुसार, यह ईरान की जनता के लिए न्याय है और खामनेई तथा उसके “खूनी गिरोह” का खात्मा हो गया है। ट्रंप ने यह भी दावा किया कि खामनेई को उन्नत खुफिया और ट्रैकिंग सिस्टम के माध्यम से ट्रैक किया गया और इजरायल के सहयोग से एक ऑपरेशन में मारा गया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
ईरान के सरकारी मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी और इजरायली हमलों में देश के सुप्रीम लीडर खामेनेई की बेटी और पोती की मौत हो गई है। हालांकि, सरकारी मीडिया ने अभी इजरायली पीएम और ट्रंप के उस दावे पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि ऑपरेशन में खामेनेई की मौत हो गई है। वहीं, कुछ मीडिया ने खामनेई की मौत का दावा करते हुए कहा कि ईरान में 40 दिन के शोक का ऐलान किया गया है। 1989 से सत्ता संभाल रहे खामेनेई की मौत के बाद ईरान में 7 दिनों की आधिकारिक छुट्टी भी घोषित किए जाने के समाचार भी मीडिया में आ रहे हैं। वहीं, आईआरजीसी का औपचारिक बयान को लेकर मीडिया में दावा किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि आईआरजीसी की ओर से कहा गया कि हमने अपना सर्वोच्च नेता को खो दिया है। साथ ही कहा कि खामनेई की मौत का करारा जवाब दिया जाएगा। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ईरान की एक शक्तिशाली सैन्यराजनीतिक और आर्थिक संस्था हैजो सीधे सर्वोच्च नेता (Supreme Leader) के प्रति जवाबदेह है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमले के बाद पूरा मिडिल ईस्ट जंग जैसे हालात के असर हैं। तीनों देशों की सेनाएं लामबंद हैं और हमले जारी हैं। ईरान ने यूएस और इजरायल के हमलों का जवाब देते हुए मिडिल ईस्ट के अलग-अलग देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों और इजरायल के कई शहरों पर हमले किए हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
द जेरूसलम पोस्ट के मुताबिक, शनिवार शाम को सीनियर इज़राइली अधिकारियों को बताया गया कि ईरान के सुप्रीम लीडर, अयातुल्ला अली खामेनेई, तेहरान पर इज़राइली एयरस्ट्राइक में मारे गए। रिपोर्ट में कहा गया है कि सीनियर इज़राइली अधिकारियों को यह भी बताया गया कि ईरान के सुप्रीम लीडर की बॉडी एयर स्ट्राइक से बने मलबे के नीचे मिली है। रॉयटर्स ने भी एक सीनियर इजराइली अधिकारी के हवाले से बताया कि ईरान के सुप्रीम लीडर की मौत हो गई है और उनकी बॉडी मिल गई है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
वहीं, ईरान के प्रेस टीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका और इजरायल के हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर और इस्लामिक क्रांति के नेता अयातुल्ला अली खामेनेई मारे जा चुके हैं। प्रेस टीवी ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि ईरान पर US-इज़रायली हमलों में यातुल्ला अली खामेनेई शहीद हो गए हैं। Press TV की रिपोर्ट के मुताबिक, ईरानी के IRGC ने दावा किया है कि अमेरिका के 14 बेस को निशाना बनाया गया है। इस जवाबी कार्रवाई में सैकड़ों अमेरिकी सैनिक मारे गए हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
इजराइल ने 28 फरवरी को ईरान की राजधानी तेहरान समेत कई शहरों पर हमला किया था। अमेरिकी राष्ट्रपति वॉर रूम में बैठकर पर ईरान पर हुई एयरस्ट्राइक की मॉनीटरिंग कर रहे थे। इजराइल ने ईरान पर हमलों का कोडनेम शेर की दहाड़ (लायन रोर) रखा है। जबकि अमेरिका ने इसे ऑपरेशन एपिक फ्यूरी नाम दिया है। ईरान की सेना ने जवाबी हमलों को खत्म-ए-तूफान नाम दिया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
रॉयटर्स ने भी इजराइली अधिकारियों के हवाले से ईरान के सुप्रीम लीडर की मौत का दावा किया है। बयान के मुताबिक खामेनेई का शव एयर स्ट्राइक से बचे मलबे के नीचे मिला है। हालांकि ईरान की सरकारी न्यूज एजेंसी फार्स ने पुष्टि की है कि ईरान के खामेनेई की बेटी, दामाद, पोती और बहू इजराइली हमलों में मारे गए हैं।
इससे पहले इजराइली PM बेंजामिन नेतन्याहू ने भी कहा था कि खामेनेई के मारे जाने के संकेत हैं। हालांकि उन्होंने इसका कोई सबूत नहीं दिया। दूसरी तरफ ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची का कहना है कि सुप्रीम लीडर जिंदा हैं। वे सुरक्षित जगह पर हैं। ईरान की रेड क्रिसेंट सोसाइटी ने बताया है कि अमेरिका और इजराइल के हमलों में 200 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और 740 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
कई दिनों से सामने नहीं आए खामेनेई
86 साल के खामेनेई ईरान के कमांडर-इन-चीफ हैं। सभी पॉलिटिकल और धार्मिक मामलों में खामेनेई का ही फैसला आखिरी होता है। ईरान की पैरामिलिट्री रिवोल्यूशनरी गार्ड, जो इस्लामिक रिपब्लिक की सुरक्षा करती है, सीधे उनके सामने जवाब देती है।
1989 में, इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ़ ईरान के फाउंडर रूहोल्लाह खुमैनी की मौत के बाद खामेनेई ईरान के सुप्रीम लीडर बने। 1979 की क्रांति में शाह मोहम्मद रजा पहलवी को हटाने वाले मूवमेंट में खामेनेई का अहम रोल था। शनिवार को हुए हमलों में से एक खामेनेई के ऑफिस के पास हुआ था। हालांकि यह तुरंत साफ नहीं हो पाया कि उस समय खामेनेई कहां थे, उन्हें कई दिनों से नहीं देखा गया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
ईरानी स्कूल पर हमले में 85 छात्राओं की मौत
ईरान के एक स्कूल पर मिसाइल गिरने से 85 छात्राओं की मौत हो गई, जबकि 45 घायल हैं। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने सूत्रों के हवाले से दावा किया है कि इजराइली हमले मे ईरानी रक्षामंत्री अमीर नासिरजादेह और रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) के कमांडर मोहम्मद पाकपोर की मौत हो गई। इजराइल ने अमेरिका के साथ मिलकर ईरान के 10 शहरों पर एयरस्ट्राइक की है। हमले के बाद ट्रम्प ने वीडियो जारी कर कहा कि ईरान पर यह हमला अमेरिकी नागरिकों की रक्षा के लिए किया गया है। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
जवाब में ईरान ने इजराइल पर करीब 400 मिसाइलें दागीं और कतर, कुवैत, जॉर्डन, बहरीन, सऊदी अरब व UAE में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को भी निशाना बनाया। इतना ही नहीं, ईरान ने UAE के सबसे ज्यादा आबादी वाले शहर दुबई पर भी हमला किया। (खबर जारी, अगले पैरे में देखिए)
इस बड़ी घटना के प्रमुख विवरण
मृत्यु की पुष्टि: ईरान की सरकारी मीडिया प्रेस टीवी ने शनिवार देर रात या रविवार (1 मार्च 2026) को हमलों में खामेनेई के शहीद होने की पुष्टि की।
शोक अवधि: सर्वोच्च नेता के निधन के बाद ईरान में 40 दिनों का राष्ट्रीय शोक घोषित किया गया है।
हवाई हमला: बताया जा रहा है कि यह हमला तेहरान में उनके परिसरों को निशाना बनाकर किया गयाजिसके बाद ईरान में भय और अस्थिरता का माहौल है।
क्षेत्रीय तनाव: यह घटना इज़रायल और अमेरिका के साथ चल रहे उच्च सैन्य तनाव के बीच सामने आई है।
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Bhanu Bangwal
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भानु बंगवाल, देहरादून, उत्तराखंड।


