October 29, 2021

Lok Saakshya

Jan Jan Ki Awaj

पहले कराई उठापटक, फिर सिद्धू ने दिया पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा, कैप्टन बोले-मैने पहले ही कहा था, सही व्यक्ति नहीं

1 min read
हाल ही में पहले पंजाब कांग्रेस में भारी उठापटक का केंद्र रहे पूर्व क्रिकेट नवजोत सिंह सिद्धू ने अब फिर कांग्रेस के लिए मुसीबत खड़ी कर दी है। उन्होंने पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया।

हाल ही में पहले पंजाब कांग्रेस में भारी उठापटक का केंद्र रहे पूर्व क्रिकेट नवजोत सिंह सिद्धू ने अब फिर कांग्रेस के लिए मुसीबत खड़ी कर दी है। उन्होंने पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने पार्टी की कार्यकारी अध्यक्ष सोनिया गांधी को खत भी लिखा है। वहीं, सिद्धू के इस्तीफे के बाद पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की भी प्रतिक्रिया सामने आई। उन्होंने कहा कि मैने पहले ही कह दिया था कि वह राज्य के लिए सही व्यक्ति नहीं है।
गौरतलब है कि हाल ही के कुछ दिनों में नवजोत सिंह सिद्धू की मंजूरी से हुई गतिविधियों के बाद कैप्टन अमरिंदर सिंह को पंजाब के मुख्यमंत्री पद से हटाकर दलित नेता चरणजीत सिंह चन्नी को पंजाब की गद्दी सौंपी गई थी। नवजोत सिंह सिद्धू ने कांग्रेस की कार्यकारी अध्यक्ष सोनिया गांधी को लिखे खत में कहा कि मनुष्य का चारित्रिक पतन समझौतों से ही शुरू होता है। मैं पंजाब के भविष्य और पंजाब के कल्याण के एजेंडे के साथ समझौता नहीं कर सकता हूं। इसलिए, मैं पंजाब प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष पद से इस्तीफा देता हूं। कांग्रेस की सेवा करता रहूंगा।

कैप्टन की आई प्रतिक्रिया
नवजोत सिंह सिद्धू के पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद छोड़ने पर पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह की प्रतिक्रिया आई है। उन्होंने कहा कि मैंने पहले ही कहा था कि वह इस सीमाई राज्य के लिए सही व्यक्त‍ि नहीं हैं। बताया जा रहा है कि हाल ही में राज्य में हुए मंत्रिमंडल विस्तार में कुछ लोगों को शामिल किए जाने से सिद्धू खुश नहीं थे।
दूसरी ओर आम आदमी पार्टी ने भी सिद्धू के इस्तीफे पर टिप्पणी करते हुए उन्हें दलित विरोधी बताया है। आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि इससे यह पता चलता है कि सिद्धू दलित विरोधी हैं। एक गरीब मां के बेटे का मुख्यमंत्री बनना बर्दाश्त नहीं कर सके। गौरतलब है कि पंजाब में सिद्धू और कैप्टन अमरिंदर स‍िंह के बीच लंबे अर्से से खींचतान चली आ रही है। पार्टी आलाकमान की तमाम कोश‍िशों के बाद कुछ समय पहले दोनों के बीच समझौता होता हुआ नजर आया था, लेकिन बाद में कैप्टन ने मुख्यमंत्री की कुर्सी छोड़कर बता दिया था कि वो सिद्धू के साथ किसी भी तरह के समझौते के मूड में नहीं हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *