October 29, 2021

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उत्तराखंड के पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने फिर लगाई दिल्ली दरबार तक दौड़, केंद्रीय पर्यटन मंत्री से मिले, हुई ये चर्चा

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उत्तराखंड के पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज इन दिनों विभागीय कार्यों के लिए आर्थिक मदद को दिल्ली दरबार तक दौड़ लगा रहे हैं। हाल ही में वह खाद्य प्रसंस्करण एवं जल शक्ति राज्य मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल से मुलाकात करके लौटे थे।

उत्तराखंड के पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज इन दिनों विभागीय कार्यों के लिए आर्थिक मदद को दिल्ली दरबार तक दौड़ लगा रहे हैं। हाल ही में वह खाद्य प्रसंस्करण एवं जल शक्ति राज्य मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल से मुलाकात करके लौटे थे। अब फिर आज गुरुवार को वे दिल्ली में केंद्रीय पर्यटन मंत्री जी किशन रेड्डी से मिले। बताया गया कि इस दौरान उत्तराखंड में पर्यटन की संभावनाओं को लेकर विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई।
गौरतलब है कि पिछले साढ़े चार साल में उत्तराखंड में भाजपा ने सीएम के रूप में तीन चेहरे दिए। हर बार जब भी सीएम के चयन की बात उठी तो सतपाल महाराज का नाम भी दावेदारों में लिया गया, लेकिन उन्हें मौका नहीं मिला। हो सकता है वे भी आगामी चुनाव और उसके बाद की परिस्थितियां भांप कर मेहनत कर रहे हों। क्योंकि वे भी जानते हैं कि दिल्ली दरबार के चक्कर काटने से ही कुछ भी हासिल किया जा सकता है।
गुरुवार को सतपाल महाराज ने केन्द्रीय संस्कृति, पर्यटन और पूर्वोत्तर क्षेत्र के विकास मंत्री जी किशन रेड्डी से शिष्टाचार भेंट की। बताया गया कि इस दौरान उत्तराखंड में महाभारत सर्किट विकास, कैंची धाम मंदिर अवस्थापना विकास एवं महावतार बाबा की तपस्थली द्वाराहाट के निकट कुकुचीना में पर्यटन सुविधाओं के विकास को लेकर व्यापक चर्चा हुई। इसके साथ ही  उन्होने पर्यटक स्थलों पर लाइट एंड साउंड शो विकसित करने तथा रोपवे निर्माण आदि अनेक मामलों पर चर्चा की गई।
महाराज ने नीम कैरोली बाबा कैंची धाम द्वाराहाट के निकट कुकुचीना में स्थित महावतार बाबा की तपस्थली में पर्यटन सुविधाओं और स्थापना के विकास के लिए केन्द्रीय मंत्री से अनुरोध किया। महाराज ने उन्हें बताया कि कैंची धाम में मार्क जुबरबर्ग और स्टीव जाबस ने इस धाम में आकर ध्यान किया था। द्रोणनगरी देहरादून, लाक्ष्यगृह लाखा मंडल, स्वर्गारोहणी, बद्रीनाथ सतोपंथ आदि स्थानों को सम्मिलित करते हुए महाभारत सर्किट का निर्माण करने के लिए वित्तीय सहायता केन्द्र के स्तर से प्रदान करने के संबंध में केन्द्रीय मंत्री से अनुरोध किया।
केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय की ओर से पूरे देश के मेलों को प्रचारित-प्रसारित करने की योजना बनाई जा रही है। उन्होंने महाराज से कहा कि उत्तराखण्ड की लोक संस्कृति से जुड़े हुए सांस्कृतिक मेलों के फोटो, विडियो आदि बनाकर भारत सरकार द्वारा प्रचार प्रसार किया जायेगा। इस संबंध में उत्तराखंड के नंदा देवी लोकजात मेला, कांवड मेला, बागेश्वर के उत्तरायणी मेला और देवीधुरा के ऐतिहासिक बग्वाल मेले पर भी दोनों मंत्रियों के बीच चर्चा हुई।
उत्तराखंड के पर्यटन मंत्री ने केन्द्रीय मंत्री को अवगत कराया कि जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क में जहां बियर ग्रिल्स के साथ माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी मैन वर्सेज वाईल्ड की शूटिंग की थी। उसे मोदी ट्रेल के रूप में विकसित किया जा रहा है। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि नये रोपवे निर्माण के लिए परिवहन विभाग के साथ में समन्वय करते हुए उत्तराखंड राज्य में नये रोपवे बनाये जायेंगे। उन्होंने कहा कि इसके चारों ओर पर्यटन विभाग के साथ मिलकर पर्यटन सुविधाओं व अवस्थापनाओं का विकास किया जायेगा।
इसके अलावा जागेश्वर तथा कटारमल एवं अन्य स्थानों पर लाईट एण्ड साउड शो आयोजित करने के लिए अनुरोध किया। इसपर केन्द्रीय मंत्री ने आश्वासन दिया कि इनका आयोजन भी हम करेंगे। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि उत्तराखंड देवभूमि मंदिरों का राज्य है। मंदिरों के बाहर अवस्थापना और पर्यटन विकास की सुविधाओं को बढ़ाया जाये। इससे केवल मंदिर ही नहीं, उसके चारों ओर के स्थान विकसित हों और स्थानीय लोगों को रोजगार के साथ ही दूसरी सुविधाऐं विकसित हो सके। वहीं महाराज ने केन्द्रीय मंत्री को सुझाव दिया कि हिन्दु धर्म के ऐतिहासिक महत्व पर पर्यटन एवं संस्कृति विभाग द्वारा एक काफी टेबल बुक निकाली जाए। जिससे भारत के पड़ोसी एशियाई देशों में जहां भी हिन्दु धर्म के अवशेष हैं, उनको इस बुक में समावेशित किये जाय।
केन्द्रीय मंत्री ने आश्वस्त किया कि जो भी सुझाव व प्रस्ताव दिये गये हैं उन सभी पर सकरात्मक रूप से कार्य किया जायेगा। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड राज्य के पर्यटन को मजबूत करने के लिए केन्द्र सरकार प्रतिबद्ध है। पर्यटन अवस्थानाओं और पर्यटन सुविधाओं के विकास पर जोर दिया जायेगा जिससे स्थानीय लोगों को रोजगार दिया जा सके और स्थानीय अर्थ व्यवस्था को मजबूत किया जा सके।

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